नयी दिल्ली, 24 जून (भाषा) दिल्ली पुलिस राष्ट्रीय राजधानी में 11-वर्षीय एक बच्ची की बलात्कार के बाद हत्या मामले में तीन प्रमुख कैब सेवा प्रदाता कंपनियों को नोटिस जारी कर पूछेगी कि आपराधिक पृष्ठभूमि होने के बावजूद आरोपी उनसे कैसे जुड़ा। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
जांचकर्ताओं ने कहा कि आरोपी बासु कुमार सिंह (29) तीन ऐप-आधारित कैब संचालक समूहों के साथ काम कर रहा था और पुलिस उसके इन समूहों से जुड़ने, सत्यापन प्रक्रिया और नियुक्ति से संबंधित दस्तावेज मांगेगी।
जांच में पता चला है कि सिंह के खिलाफ बिहार में पांच आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या के प्रयास के दो मुकदमे शामिल हैं। इसके बाद पुलिस ने कैब सेवा प्रदाता कंपनियों को नोटिस जारी कर जानकारी जुटाने का फैसला किया।
अधिकारियों ने कहा कि पुलिस इस बात की जांच करेगी कि क्या मंचों ने उसे व्यावसायिक रूप से काम करने की अनुमति देने से पहले उसकी पृष्ठभूमि का उचित सत्यापन किया था।
महरौली में 11-वर्षीय एक बच्ची के अपहरण, बलात्कार और हत्या के मामले में सिंह को सोमवार को गिरफ्तार किया गया था। वह 2023 से किराये की कैब चला रहा था। जांच के तहत गुरुग्राम निवासी कार मालिक से भी पूछताछ की गई है।
पुलिस ने बताया कि कैब चालक के तौर पर काम शुरू करने से पहले सिंह सुरक्षा गार्ड के रूप में काम करता था।
अपराध के बाद सिंह के आचरण ने जांचकर्ताओं को और भी चौंका दिया है।
पुलिस ने कहा कि आरोपी ने बच्ची को कथित तौर पर अगवा कर उसके साथ बलात्कार किया और फिर फरीदाबाद-गुरुग्राम सीमा के पास उसकी हत्या करने के बाद गुरुग्राम के चक्करपुर में अपने किराये के आवास पर लौट गया, अपने कपड़े बदले और कुछ ही घंटों में काम फिर से शुरू कर दिया।
एक अधिकारी ने कहा, ‘‘उसने सुबह छह बजे के आसपास फिर से कैब चलानी शुरू कर दी जैसे कि कुछ हुआ ही न हो।’’ आखिरकार उसे विकासपुरी में तब गिरफ्तार कर लिया गया, जब उसने एक सवारी को उसके गंतव्य पर उतारा था।
पुलिस ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी निगरानी के जरिये कुछ ही घंटों में सिंह का पता लगा लिया गया। पूछताछ के दौरान, उसने कथित तौर पर अपराध कबूल कर लिया और बाद में पुलिस को उस स्थान पर ले गया, जहां बच्ची का शव पत्थरों के नीचे छुपाया गया था।
भारतीय न्याय संहिता और यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने कहा कि जल्द से जल्द आरोप-पत्र दाखिल किया जाएगा।
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