हल्द्वानी, 21 अप्रैल (भाषा) उत्तराखंड के नैनीताल जिले के मोटाहल्दू क्षेत्र में स्थित एक फैक्टरी के कर्मचारियों की हड़ताल से उपजे तनावपूर्ण हालात के एक दिन बाद मंगलवार को स्थिति सामान्य हो गई और अधिकांश कर्मचारी काम पर लौट आए।
इस बीच, अब भी धरने पर बैठे आधा दर्जन से अधिक कर्मचारियों को समर्थन देने पहुंचे स्थानीय कांग्रेस नेता समेत दो व्यक्तियों को मौके पर तैनात पुलिस बल से नोंकझोंक के बाद एहतियातन गिरफ्तार किया गया है।
मदरसन सुमी सिसटम्स लिमिटेड के प्रबंधन और कर्मचारियों के बीच 14 में से 12 मांगों पर सहमति बनने के बाद फैक्टरी में उत्पादन कार्य फिर से शुरू हो गया ।
हालांकि, न्यूनतम वेतन 20,000 रुपये किए जाने तथा आठ घंटे की तय शिफ्ट से ज्यादा काम न लिए जाने की मांगों को लेकर दोनों पक्षों में सहमति नहीं बनी जिसे लेकर कर्मचारियों में अब भी असंतोष बना हुआ है।
एक कर्मचारी नेता ने साफ कहा कि मांगें पूरी नहीं होने तक वे अपनी आवाज उठाते रहेंगे और यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो दोबारा आंदोलन किया जा सकता है।
उन्होंने कहा, “केवल आश्वासन से काम नहीं चलेगा, हमें ठोस निर्णय चाहिए।”
फैक्टरी के मानव संसाधन (एचआर) प्रमुख सुभाष तिवारी ने कहा कि कंपनी शासनादेश के तहत ही वेतन दे रही है और नए सरकारी निर्देश आने पर ही वेतन में बदलाव संभव हो पाएगा।
उन्होंने कर्मचारियों से संयम बनाए रखने और उत्पादन प्रभावित न करने की अपील की। लालकुआं के भाजपा विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट ने कहा कि कर्मचारियों को फिलहाल राज्य सरकार द्वारा निर्धारित करीब 12,500 रुपये का वेतन मिल रहा है। बिष्ट ने कहा कि वह न्यूनतम वेतन में वृद्धि के लिए जल्द ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से बातचीत करेंगे।
गौरतलब है कि सोमवार को सुबह से ही करीब 500 महिला और पुरुष कर्मचारी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर फैक्टरी के प्रवेश द्वार पर बैठ गए थे। इसी दौरान, उनकी हड़ताल को समर्थन देने पहुंचे कुछ छात्र नेताओं और मौके पर तैनात भारी पुलिस बल के बीच नोंकझोंक हुई जिसके बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। लोगों को तितर-बितर करने और स्थिति को नियंत्रण में करने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग भी किया ।
इस बीच अब भी आधा दर्जन से अधिक कर्मचारी मौके पर डटे हुए हैं जिन्हें समर्थंन देने के लिए कांग्रेस नेता हरीश पनेरू और सूचना का अधिकार कार्यकर्ता पीयूष जोशी पहुंचे । उनकी यहां पुलिस से तीखी नोंकझोंक हो गयी जिसके बाद उन्हें एहतियातन गिरफ्तार कर लिया गया ।
गिरफ्तारी के बाद पनेरु ने आरोप लगाया कि लोकतंत्र में आवाज उठाना अब गुनाह हो चुका है और पुलिस- प्रशासन सत्ता पक्ष के इशारे पर काम कर रहा है।
नैनीताल के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) मंजूनाथ टीसी ने कहा कि माहौल खराब करने की कोशिश करने वाले उपद्रवी तत्वों से सख्ती से निपटा जाएगा और किसी को कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी ।
पिछले सप्ताह नोएडा में मदरसन कंपनी की एक इकाई सहित अन्य जगहों पर भी वेतन वृद्धि को लेकर हिंसक विरोध प्रदर्शन हुए थे जिसके बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने श्रमिकी की सभी श्रेणियों के लिए न्यूनतम वेतन में अंतरिम बढ़ोत्तरी कर दी थी ।
भाषा सं दीप्ति
मनीषा संतोष
संतोष