नयी दिल्ली, पांच अप्रैल (भाषा) श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने रविवार को यहां कहा कि अयोध्या में आया बदलाव केवल उसके विकास में ही नहीं, बल्कि उसकी सामाजिक और सांस्कृतिक जागृति की सतत प्रक्रिया में भी दिखता है।
राय ने इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र (आईजीएनसीए) द्वारा आयोजित तीन दिवसीय ‘अयोध्या पर्व’ के समापन समारोह के दौरान अपने संबोधन में कहा कि लोगों के लिए भगवान राम द्वारा प्रतिपादित आदर्शों और मूल्यों को आत्मसात करना महत्वपूर्ण है।
राय ने कहा कि भारत की मूल पहचान समृद्धि, संवेदनशीलता और सामाजिक समरसता में निहित रही है।
आईजीएनसीए द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, राय ने कहा कि लंबे समय तक ‘‘विदेशी शासन’’ के अधीन रहने के बावजूद भारतीय समाज ने अपना स्वाभिमान बनाए रखा। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के बाद ‘‘राष्ट्र को उसके स्वाभाविक मूल स्वभाव में पुनर्स्थापित करने’’ के लिए लगातार प्रयास किए गए, जिनमें संतों और राम जन्मभूमि आंदोलन ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
उन्होंने कहा कि यह आंदोलन समाज को जागृत करने की आवश्यकता से उपजा और राम मंदिर का निर्माण ‘‘उसी जागृति का परिणाम’’ है।
राय ने कहा कि समय के साथ अयोध्या में बड़ा बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में आया बदलाव केवल उसके विकास में ही नहीं, बल्कि उसकी सतत सामाजिक और सांस्कृतिक जागृति में भी दिखता है।
भाषा सिम्मी प्रशांत
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