विपक्ष संसद नहीं चलने दे रहा; चर्चा के लिए उपलब्ध हैं प्रधानमंत्री और गृह मंत्री: रीजीजू

विपक्ष संसद नहीं चलने दे रहा; चर्चा के लिए उपलब्ध हैं प्रधानमंत्री और गृह मंत्री: रीजीजू

विपक्ष संसद नहीं चलने दे रहा; चर्चा के लिए उपलब्ध हैं प्रधानमंत्री और गृह मंत्री: रीजीजू
Modified Date: August 6, 2026 / 07:32 pm IST
Published Date: August 6, 2026 7:32 pm IST

नयी दिल्ली, छह अगस्त (भाषा) केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने बृहस्पतिवार को विपक्ष पर जानबूझकर संसद का कामकाज नहीं चलने देने का आरोप लगाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पूरे दिन संसद में मौजूद रहते हैं और चर्चा के लिए उपलब्ध रहते हैं।

रीजीजू ने कहा कि संसद में गतिरोध के बावजूद विधायी कामकाज जारी है और विधेयक पारित किए जा रहे हैं।

यह बयान ऐसे समय में आया है जब अयोध्या के राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी और दिल्ली में प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के बारे में गृह मंत्री अमित शाह के बयान की मांग को लेकर विपक्ष के हंगामे के कारण संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही अवरुद्ध बनी हुई है।

संसद भवन परिसर में पत्रकारों से बात करते हुए रीजीजू ने कहा कि विपक्ष सदन का कामकाज रोक रहा है, जबकि आरोप यह लगा रहा है कि सरकार बहस से बच रही है।

उन्होंने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सुबह से ही संसद में मौजूद रहते हैं और शाम को ही जाते हैं। विपक्ष ही सदन का कामकाज नहीं चलने दे रहा है और बाहर नारे लगा रहा है। यह सही नहीं है।’’

रीजीजू ने कहा कि सरकार ने सदन में कामकाज करने और विधेयक पारित कराने का काम जारी रखा है, खासकर राज्यसभा में, जहां विपक्ष के सदस्यों के विरोध के बावजूद चर्चा हुई है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम विधेयक पारित कर रहे हैं और सदन का कामकाज चला रहे हैं। राज्यसभा में उचित चर्चा के बाद विधेयक पारित किए जा रहे हैं। कांग्रेस और उसके एक-दो सहयोगी दल भले ही सदन से वॉकआउट कर रहे हों या हंगामा कर रहे हों, लेकिन सदस्य चर्चा में हिस्सा ले रहे हैं और अपनी राय रख रहे हैं।’’

संसदीय कार्य मंत्री ने दावा किया कि लगातार हो रहे व्यवधान से सरकार के बजाय कांग्रेस को ज्यादा नुकसान हो रहा है, खासकर उसके पहली बार सांसद बने नेताओं को संसद में बोलने का मौका नहीं मिल पा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक को रोकने के लिए पहले ही ‘क्रांतिकारी’ कदम उठाए हैं और विपक्ष इसी मुद्दे को लेकर बार-बार विरोध-प्रदर्शन कर रहा है।

उन्होंने कहा, ‘‘यह मुद्दा खत्म हो चुका है। देश आगे बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री ने परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक पर क्रांतिकारी फैसले लिए हैं। लेकिन वे हर सुबह उसी मुद्दे पर नौटंकी करते हैं और नारे लगाते रहते हैं। वे नौटंकी भी करते हैं और भगवान राम का अपमान भी करते हैं।’’

रीजीजू ने कहा कि वह गतिरोध को तोड़ने का रास्ता निकालने के लिए नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और विपक्ष के अन्य नेताओं के संपर्क में हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘राहुल गांधी के साथ मेरी अच्छी बातचीत हुई और मैंने उनसे एक मुद्दे पर अनुरोध किया। हमने दूसरे मुद्दों पर भी चर्चा की है। हम कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के साथ बातचीत जारी रखना चाहते हैं और तालमेल के साथ काम करना चाहते हैं। हम राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी हैं, दुश्मन नहीं। हमें राष्ट्रीय हित में मिलकर काम करना चाहिए।’’

हालांकि, रीजीजू ने आरोप लगाया कि विपक्ष ऐसी धारणा बना रहा है कि वह संसद को बिल्कुल भी काम नहीं करने देगा।

संसद से शाह की अनुपस्थिति के विपक्ष के आरोप को खारिज करते हुए रीजीजू ने कहा कि गृह मंत्री हर दिन संसद में मौजूद रहे हैं और चर्चा में भाग लेने के लिए उपलब्ध हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘वह यहीं हैं, काम कर रहे हैं। हम उन्हें हर सुबह आते और देर शाम तक संसद में रहते हुए देखते हैं।’’

विपक्ष के इस दावे पर कि राज्यसभा के सभापति सी पी राधाकृष्णन ने रीजीजू से गृह मंत्री के सामने विपक्ष की भावनाओं को रखने के लिए कहा है, संसदीय कार्य मंत्री ने कहा कि विपक्ष ऐसा दावा कर रहा है लेकिन सभापति ने ऐसा नहीं कहा है।

भारतीय जनता पार्टी (भााजपा) के सांसद रविशंकर प्रसाद ने भी कांग्रेस नेताओं पर गृह मंत्री अमित शाह के बारे में झूठी बातें फैलाने तथा संसद में चर्चा से बचने के लिए गतिरोध पैदा करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा, ‘‘राहुल गांधी और खरगे जी रोजाना नई कहानी और पोस्टर के साथ आते हैं और मांग करते रहते हैं कि अमित शाह सदन में आएं। गृह मंत्री हर दिन सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक अपने चैंबर में बैठते हैं।’’

प्रसाद ने कहा, ‘‘वह इस समय भी यहीं हैं। पहले सदन की कार्यवाही सही तरीके से तो चले और चर्चा हो। चर्चा शुरू होगी तो वह बोलेंगे और जोरदार जवाब देंगे।’’

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि विपक्ष संसद को कामकाज करने से रोक रहा है और साथ ही सरकार पर चर्चा से बचने का आरोप भी लगा रहा है।

प्रसाद ने कहा, ‘‘खरगे जी, राहुल गांधी जी जरा देखिए। वह (शाह) अपने चैंबर में बैठे हैं, आपकी दलीलें सुनने और जवाब देने को तैयार हैं।’’

भाषा वैभव पवनेश

पवनेश


लेखक के बारे में