Loksabha Election 2019: “मोदी है तो मुमकिन है” नारे के साथ चुनावी मैदान में उतरेगी BJP
Loksabha Election 2019: "मोदी है तो मुमकिन है" नारे के साथ चुनावी मैदान में उतरेगी BJP
नई दिल्ली: लोकसभा चुनाव को 2019 में जीत हासील कर अपनी सरकार बनाने के लिए जहां एक ओर काग्रेस ऐड़ी चोटी का जोर लगा रही है, वहीं दूसरी ओर भाजपा वापस सत्ता में आने के लिए पूरजोर ताकत लगा रही है। चुनाव के मद्देनजर सभी दलों के बड़े नेता देश के अलग-अलग प्रदेश का दौरा कर रहे हैं। इसी बीच खबर आ रही है कि भाजपा ने 2019 लोकसभा चुनाव के लिए अपना नारा तय कर लिया है। भाजपा इस बार ”मोदी है तो मुमकिन है” के नारे पर चुनाव लड़ेगी। बता दें पिछले चुनाव में भाजपा ने ”सुशासन संकल्प, बीजेपी विकल्प’के नारे पर पूरे देश में जीत दर्ज किया था।
केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने गुरुवार को कहा कि आगामी लोकसभा चुनावों के लिए भाजपा ने ‘मोदी है तो मुमकिन है नारे को चुना है। जेटली ने ‘एजेंडा 2019- भाग 4 ब्लॉग पोस्ट में लिखा कि मोदी ने पिछले पांच साल में लगातार काम करके दृढ़संकल्प प्रदर्शित किया है। उन्होंने कहा कि मोदी ने जटिल मामलों पर स्पष्टता और दृढ़ता के साथ त्वरित फैसले लेने की क्षमता प्रदर्शित की है।
Read More: मुंबई में शिवाजी टर्मिनस के पास फुट ओवरब्रिज ढहा, 4 की मौत, 34 घायल
2019 के लोकसभा चुनावों के लिए भाजपा के प्रचार विभाग के प्रभारी जेटली ने कहा, ”अब अधिकतर भारतीय मोदी की छवि को कर्मठ नेता के तौर पर देखते हैं। दुनियाभर में भारत पर नजर रखने वाले अनेक लोगों ने भारत की निर्णय लेने और उन्हें लागू करने की रफ्तार को महसूस किया है। इसलिए भाजपा ने आगामी चुनावों के लिए ‘मोदी है तो मुमकिन है का नारा चुना है। सरकार की कुछ बड़ी उपलब्धियां गिनाते हुए उन्होंने कहा कि पांच साल में पहली बार भारत लगातार दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है और वैश्विक अर्थव्यवस्था में ‘पसंदीदा जगह बना हुआ है।
वित्त मंत्री ने कहा, ”प्रेरणा और नेतृत्व दोनों चीजों ने महत्वपूर्ण अंतर पैदा किया। यही वजह है कि भारत में ऐसा चुनाव देखने को मिलेगा जहां जनता को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व, निर्णय क्षमता, ईमानदारी और कार्यक्षमता पर मुहर लगाने का अवसर मिलेगा। वह इसे जरूर संभव बनाएंगे।
आतंकियों ने नेशनल कॉन्फ्रेंस पार्टी के सदस्य इस्माइल वानी को मारी गोली, हालत गंभीर
जेटली ने कहा कि मोदी के कार्यकाल में भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ 2016 की सर्जिकल स्ट्राइक और 2019 की एयर स्ट्राइक के माध्यम से दिखाया कि वह आतंकवाद पर उसके पैदा होने की जगह पर ही निशाना साधने के गैर-परंपरागत तरीके अपनाना चाह रहा है।

Facebook


