उप्र : चलती ट्रेन में चढ़ने के दौरान गिर जाने से पति की मौत, पत्नी की हालत गंभीर

Ads

उप्र : चलती ट्रेन में चढ़ने के दौरान गिर जाने से पति की मौत, पत्नी की हालत गंभीर

  •  
  • Publish Date - June 12, 2026 / 11:36 AM IST,
    Updated On - June 12, 2026 / 11:36 AM IST

बाराबंकी, 12 जून (भाषा) बाराबंकी रेलवे स्टेशन पर उत्सर्ग एक्सप्रेस में चढ़ने के दौरान एक दंपती ट्रेन की चपेट में आ गये। हादसे में पति की मौत हो गई, जबकि पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद स्टेशन पर अफरा-तफरी मच गई और यात्रियों ने चेन पुलिंग कर ट्रेन को रुकवाया।

रेलवे पुलिस के अनुसार, आजमगढ़ जिले के मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के निवासी मनोज कुमार (40) अपनी पत्नी वंदना (35) और तीन बेटियों के साथ गोमतीनगर, लखनऊ में रहकर निजी कार्य करते थे। बृहस्पतिवार रात वह परिवार सहित अपने गांव जाने के लिए बाराबंकी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर दो पर ट्रेन का इंतजार कर रहे थे।

उन्होंने बताया कि रात करीब 9:30 बजे उत्सर्ग एक्सप्रेस के स्टेशन पर पहुंचने पर मनोज ने पहले अपनी तीनों बेटियों—हिमांशी (5), नेहा (3) और पांच माह की बिट्टो—को सुरक्षित कोच में चढ़ा दिया। इसके बाद वह और उनकी पत्नी ट्रेन में सवार होने लगे। इसी दौरान ट्रेन चल पड़ी और दोनों का संतुलन बिगड़ गया। मनोज प्लेटफॉर्म और ट्रेन के बीच गिर गए।

पति को गिरता देख वंदना उन्हें बचाने के प्रयास में खुद भी नीचे गिर गईं। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद यात्रियों में हड़कंप मच गया। लोगों के शोर मचाने और चेन खींचे जाने पर ट्रेन को रोका गया। सूचना मिलने पर जीआरपी और आरपीएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं।

जीआरपी निरीक्षक चंद्रमणि पांडे ने बताया कि आरपीएफ उपनिरीक्षक रविशंकर मिश्र और उनकी टीम ने दोनों घायलों को ट्रेन के नीचे से निकालकर तत्काल एंबुलेंस से जिला अस्पताल भिजवाया। वहां उपचार के दौरान चिकित्सकों ने मनोज कुमार को मृत घोषित कर दिया।

उन्होंने बताया कि गंभीर रूप से घायल वंदना को प्राथमिक उपचार के बाद ट्रॉमा सेंटर, लखनऊ रेफर किया गया, जहां उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है।

हादसे के बाद रेलवे प्रशासन, जीआरपी और आरपीएफ ने मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में चलती ट्रेन में चढ़ने के दौरान संतुलन बिगड़ने की बात सामने आई है। हालांकि, रेलवे अधिकारी सभी पहलुओं की गहन जांच कर रहे हैं।

भाषा सं जफर मनीषा

मनीषा