राहुल गांधी कहां थे, जब पित्रोदा ने कहा था कि पूर्वोत्तर के लोग चीनी जैसे दिखते हैं : भाजपा का सवाल

राहुल गांधी कहां थे, जब पित्रोदा ने कहा था कि पूर्वोत्तर के लोग चीनी जैसे दिखते हैं : भाजपा का सवाल

राहुल गांधी कहां थे, जब पित्रोदा ने कहा था कि पूर्वोत्तर के लोग चीनी जैसे दिखते हैं : भाजपा का सवाल
Modified Date: September 8, 2026 / 03:41 pm IST
Published Date: September 8, 2026 3:41 pm IST

नयी दिल्ली, आठ सितंबर (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने मणिपुर के एक संगीतकार की पीटकर हत्या किए जाने के मामले में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर मंगलवार को उन पर पलटवार किया। भाजपा ने सवाल किया कि जब कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा ने कहा था कि पूर्वोत्तर के लोग चीनी जैसे दिखते हैं, तब राहुल गांधी कहां छिपे थे?

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने मणिपुर के संगीतकार चोंगथम विक्रम सिंह की हत्या को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा और सवाल किया कि पूर्वोत्तर के लोगों के खिलाफ हो रही ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए गृह मंत्री अमित शाह का मंत्रालय क्या कर रहा है।

गांधी ने मामले की त्वरित जांच और दोषियों को न्याय के कटघरे में लाने की मांग की।

पुलिस के अनुसार दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के किलोकरी गांव में सामान पहुंचाने का काम करने वाले और ढाबा कर्मियों के एक समूह ने 54-वर्षीय मणिपुरी संगीतकार पर कथित रूप से हमला कर दिया, जिससे उनकी सोमवार को मौत हो गई।

पुलिस ने इस मामले में सात लोगों को गिरफ़्तार किया है और एक नाबालिग को पकड़ा है।

राहुल गांधी की टिप्पणी के बारे में पूछे जाने पर भाजपा प्रवक्ता गौरव भाटिया ने तीखी प्रतिक्रिया दी, ‘‘मैं इस बेकार हो चुकी कांग्रेस, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे से एक सवाल पूछना चाहता हूं। जब उनके नेता सैम पित्रोदा ने कहा था कि पूर्वोत्तर के लोगों के चेहरे चीनी लोगों जैसे दिखते हैं, तब राहुल गांधी कहां छिप गए थे?’’

भाटिया ने यहां भाजपा मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में, हर नागरिक सुरक्षित महसूस करता है और भारतीय होने पर गर्व करता है।’’

मई 2024 में, पित्रोदा ने यह टिप्पणी कर विवाद खड़ा कर दिया था, ‘‘पूर्व के लोग चीनी जैसे दिखते हैं और दक्षिण के लोग अफ्रीकी जैसे दिखते हैं।’’

हालांकि, कांग्रेस ने पित्रोदा की टिप्पणियों से खुद को अलग कर लिया था और उन्हें दुर्भाग्यपूर्ण और अस्वीकार्य बताया था।

इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के प्रमुख पित्रोदा ने एक ‘पॉडकास्ट’ में कहा था, ‘‘हमने 75 साल बहुत खुशहाल माहौल में बिताए हैं जहां लोग एक साथ रह सकते थे, बस छिट-पुट झगड़ों को छोड़ दें तो।’’

उन्होंने कहा था, ‘‘हम भारत जैसे विविधता वाले देश को एकजुट रख सकते हैं। जहां पूर्व के लोग चीनी जैसे, पश्चिम के लोग अरब जैसे, उत्तर के लोग शायद श्वेत और दक्षिण के लोग अफ़्रीकी जैसे दिखते हैं। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। हम सब भाई-बहन हैं। हम अलग-अलग भाषाओं, धर्मों, रीति-रिवाजों और खान-पान का सम्मान करते हैं।’’

भाषा अविनाश पवनेश

पवनेश


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