नयी दिल्ली, 21 जनवरी (भाषा) भारत की मजबूत विनिर्माण क्षमताओं की प्रतिबद्धता पर जोर देते हुए विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बुधवार को कहा कि भारत में निर्मित पहला सी-295 सैन्य विमान सितंबर से पहले बनकर तैयार हो जाएगा।
स्पेन के विदेश मंत्री जोस मैनुअल अल्बारेस के साथ बैठक के दौरान जयशंकर ने कहा कि दुनिया को आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं करने की नीति अपनानी चाहिए।
उन्होंने कहा, ‘‘विश्व व्यवस्था में स्पष्ट रूप से बड़ा बदलाव आ रहा है। साझा चुनौतियों से निपटने के लिए राष्ट्रों का सहयोग करना पहले से कहीं अधिक अनिवार्य है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘यह बात विशेष रूप से आतंकवाद से निपटने के संदर्भ में लागू होती है, जहां भारत और स्पेन दोनों ही पीड़ित रहे हैं। दुनिया को आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं करने की नीति अपनानी चाहिए।’’
विदेश मंत्री ने विभिन्न क्षेत्रों में भारत-यूरोपीय संघ के गहरे संबंधों के लिए स्पेन के समर्थन का आभार व्यक्त किया और भारत समर्थित ‘हिंद-प्रशांत समुद्र पहल’ (आईपीओआई) में शामिल होने के लिए यूरोपीय राष्ट्र का स्वागत किया।
जयशंकर ने भारत और स्पेन के बीच बढ़ते व्यापार और रक्षा सहयोग पर प्रकाश डाला और सी-295 विमान परियोजना का उल्लेख किया।
अक्टूबर 2024 में, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और स्पेन के राष्ट्रपति पेड्रो सांचेज ने गुजरात के वडोदरा में सी-295 विमान के अंतिम निर्माण चरण संयंत्र की शुरुआत की।
वायु सेना को ‘एयरबस डिफेंस एंड स्पेस’ के साथ 21,935 करोड़ रुपये के सौदे के तहत 56 सी-295 विमान मिल रहे हैं। इनमें से 40 विमान भारत में निर्मित किए जाएंगे।
जयशंकर ने कहा कि भारत और स्पेन के बीच आर्थिक साझेदारी समग्र संबंधों का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है।
भाषा शफीक दिलीप
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