नयी दिल्ली, 11 जनवरी (भाषा) सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा एलन मस्क के स्वामित्व वाले सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ को ‘ग्रोक एआई’ के अश्लील सामग्री मुद्दे पर चेतावनी दिए जाने के बाद इस माइक्रोब्लॉगिंग साइट ने अपनी गलती स्वीकार कर ली है और आश्वासन दिया है कि वह भारतीय कानूनों का पालन करेगी। सरकारी सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी।
सूत्रों ने बताया कि लगभग 3,500 सामग्री ब्लॉक की गयी है और 600 से अधिक खाते हटाए गए।
सूत्रों के अनुसार, ‘एक्स’ ने अपनी गलती स्वीकार कर ली है और कहा है कि वह भारतीय कानूनों का पालन करेगा। साथ ही यह भी कहा है कि भविष्य में यह मंच अश्लील छवियों की अनुमति नहीं देगा।
इससे पहले, सरकार ने ‘एक्स’ से ग्रोक एआई से जुड़ी अश्लील सामग्री पर की गई विशिष्ट कार्रवाई और भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति को रोकने के उपायों सहित विस्तृत जानकारी मांगी थी क्योंकि इस मंच द्वारा दिए जवाब को सरकार ने अपर्याप्त पाया था।
पहला नोटिस जारी होने के बाद अपने जवाब में ‘एक्स’ ने भ्रामक पोस्ट और गैर-सहमति से प्राप्त यौन उत्तेजक छवियों से संबंधित पोस्ट के मामले में अपने द्वारा अपनाई जाने वाली सख्त सामग्री हटाने की नीतियों की रूपरेखा प्रस्तुत की थी।
हालांकि, जवाब लंबा और विस्तृत था लेकिन इसमें कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां छूट गई थीं, जिनमें ग्रोक एआई की अश्लील सामग्री के मुद्दे पर की गई कार्रवाई और भविष्य में इसे रोकने के उपाय शामिल थे।
दो जनवरी को सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने ‘ग्रोक’ और अन्य उपकरणों जैसी एआई-आधारित सेवाओं के दुरुपयोग के माध्यम से उत्पन्न की जा रही अश्लील और यौन सामग्री के संबंध में ‘एक्स’ को कड़ी चेतावनी जारी की थी।
इस सोशल मीडिया मंच के ‘सेफ्टी’ हैंडल ने पिछले रविवार को कहा कि वह अपने मंच पर अवैध सामग्री, जिसमें बाल यौन शोषण सामग्री (सीएसएएम) भी शामिल है, के खिलाफ कार्रवाई करता है। इसके तहत ऐसी सामग्री को हटाना, खातों को स्थायी रूप से निलंबित करना और आवश्यकतानुसार स्थानीय सरकारों एवं कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ काम करना शामिल है।
‘एक्स’ ने अवैध सामग्री पर मस्क के रुख को दोहराते हुए कहा था, ‘‘ग्रोक का उपयोग करके या उससे अवैध सामग्री बनवाने वाले किसी भी व्यक्ति को वही परिणाम भुगतने होंगे जो कि अवैध सामग्री अपलोड करने पर भुगतने पड़ते हैं।’’
भाषा गोला सुरभि
सुरभि