Harda Fataka Factory Blast: फैक्ट्री ब्लास्ट को दो साल पूरे, पर जख्म आज भी हरे… न घर मिला, न मुआवजा, सरकार से टूटी उम्मीद, सुनिए पीड़ितों का दर्द
Harda Fataka Factory Blast: मध्यप्रदेश के हरदा शहर के बैरागढ़ क्षेत्र में 6 फरवरी 2024 को भीषण पटाखा फैक्ट्री हादसा हुआ था। जिसमें 13 की मौत और 1 व्यक्ति लापता …

harda news
- 6 फरवरी 2024 का भीषण पटाखा हादसा
- दो साल बाद भी पीड़ितों का दर्द
- हरदा का काला दिन, आग और धुआं
हरदा: मध्यप्रदेश के हरदा शहर के बैरागढ़ क्षेत्र में 6 फरवरी 2024 को भीषण पटाखा फैक्ट्री हादसा हुआ था। जिसमें 13 की मौत और 1 व्यक्ति लापता हो गया था। दो साल बाद भी पीड़ितों के घाव आज भी हरे हैं, उनके घर आज भी खंडहर पड़े हैं। कई गंभीर घायलो को मुआवजा आज तक नहीं मिला, मामला एनजीटी कोर्ट भोपाल में लंबित है, पटाखा ब्लास्ट का नाम सुनते ही पीड़ितों की आंखों में आंसुओं का सैलाब आ जाता है। अब उनकी एक ही गुहार है जल्द उनका आशियान मिल जाए। कुछ परिवार आईटीजाई कॉलेज में रुके हुए है तो कुछ लोग ग्राम पंचायत भवन बैरागढ़ में रह रहे हैं। इन 75 लोगों को अब शासन द्वारा कोई मदत नहीं दी जा रही। पटाखा फैक्ट्री विस्फोट के आरोपी आज भी जेल मे बंद है।
Harda News: दो साल बाद भी पीड़ितों का दर्द
हरदा का वो काला दिन… जब आसमान में धुआं था और आंखों में सिर्फ आंसू... हरदा… एक शांत, छोटा सा शहर जहां सुबह की शुरुआत मंदिर की घंटियों और बाजार की चहल-पहल से होती है। लेकिन 6 फरवरी 2024 की वो सुबह हरदा के लिए किसी अभिशाप से कम नहीं थी। यह दिन अब हरदा के इतिहास में काले दिन के नाम से दर्ज हो चुका है। शहर के बैरागढ़ क्षेत्र में स्थित पटाखा फैक्ट्री में 6 फरवरी को सुबह साढ़े दस बजे अचानक ऐसा धमाका हुआ, जिसने पूरे इलाके को हिला दिया।
MP Harda Latest News: हरदा का काला दिन, आग और धुआं
कुछ ही पलों में एक के बाद एक तीन भीषण विस्फोट हुए। आसमान में धुएं का गुबार छा गया। जमीन कांप उठी। घरों की दीवारें थरथराने लगीं। लोगों को समझ ही नहीं आया कि यह भूकंप है या मौत का दस्तक। फिर जो दृश्य सामने आया, उसने इंसानियत को झकझोर कर रख दिया। जहां कुछ देर पहले मजदूर काम कर रहे थे… वहां आग का समंदर था। चीखें थीं, लाशें थीं, जलते हुए शरीर थे। बिखरे हुए सामान थे और हर तरफ सिर्फ दर्द ही दर्द था। हादसे में 13 लोगों की मौत हो गई और एक व्यक्ति आज भी लापता है। यह सिर्फ एक हादसा नहीं था, यह उन परिवारों के सपनों का विस्फोट था… जो रोजी-रोटी की तलाश में उस फैक्ट्री में गए थे।
तीन भीषण विस्फोट, लोगों में हड़कंप
उस दिन की खबर देखते ही देखते पूरे भारत में आग की तरह फैल गई। हर कोई पूछ रहा था- आखिर इतनी बड़ी त्रासदी कैसे हो गई ? हरदा के लोग उस रात सो नहीं पाए क्योंकि शहर ने पहली बार मौत को इतने करीब से देखा था। बैरागढ़ की गलियों में मातम पसरा था। कई घरों में चूल्हा बुझ गया था। कई परिवारों की जिंदगी हमेशा के लिए अंधेरे में चली गई। दो साल बीत गए… लेकिन दर्द वहीं का वहीं आज हादसे को दो साल हो चुके हैं। पर पीड़ितों के लिए समय थमा हुआ है, आज भी उनके घर खंडहर हैं, आज भी उनकी आंखों में डर है, और आज भी उनके दिलों में वो धमाका गूंजता है।
कुछ परिवार आईटीआई कॉलेज में शरण लिए हुए हैं, तो कुछ लोग ग्राम पंचायत भवन बैरागढ़ में रहने को मजबूर हैं। कई परिवार ऐसे हैं जिन्हें अब शासन की ओर से कोई मदद नहीं मिल रही। पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट का नाम सुनते ही पीड़ितों की आंखें भर आती हैं। वो कहते हैं- हमने अपना घर खोया, अपनों को खोया, और अब उम्मीद भी टूट रही है। पीड़िता अर्चना प्रजापति कहती हैं की दो साल हो गए, ना पूरा मुआवजा मिला, ना मकान बन पाया। घायलों का इलाज भी अधूरा है। इलाज के लिए 50 हजार रुपये मिले, उससे क्या इलाज हो सकता है? जिनके हाथ-पैर चले गए, उन्हें नौकरी या रोजगार मिलना चाहिए वरना उनका परिवार कैसे जिएगा?” अर्चना की यह बात सिर्फ उसकी नहीं… उन सैकड़ों लोगों की चीख है, जो आज भी इंसाफ की बाट जोह रहे हैं।
जानकी बाई और अन्य परिवारों की कठिनाइयाँ
इधर जानकी बाई कहती हैं की हादसे के बाद से हमारा जीवन नर्क बन गया। 3 लाख रुपये मिले, उसमें आधा मकान भी नहीं बना। आज भी अधूरा पड़ा है। हम मजबूरी में पंचायत भवन में रह रहे हैं… हम कब तक ऐसे जिएंगे?” उनकी आंखों में सिर्फ एक सवाल है- हमारा घर कब बनेगा? घायल दिनेश सोनी का कहना है की वे 6 फ़रवरी की सुबह अपने घर के बाहर बैठा था जैसा ही हादसा हुआ एक एंगल उछट कर आई और मेरे पैर मे लगी जिससे मेरा पैर टूट गया जिसमे रॉड डली है, सात बार ऑपरेशन करवा लिया लेकिन आराम नहीं है प्रशासन ने मरहम के नाम पर मात्र 50 हजार रूपये दिए लेकिन उपचार मे लाखो रूपये लगा दिए। रिस्तेदार और दोस्तों से कर्ज लेकर उपचार करवा रहा हु, मेरी पत्नि की भी हफ्ते मे दो बार डायलसिस होती है, घर मे कमाने वाला भी कोई नहीं है।
प्रशासन से मांग है की हमें उचित मुआवजा दिया जाए जिससे की हम कर्जदारों का कर्ज उतार दे और अपना उपचार करवा सके। इधर प्रभारी अपर कलेक्टर सतीश राय का कहना है कि शासन के मानकों के अनुसार सहायता दी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि मकानों के नुकसान का कुल मुआवजा 2 करोड़ 46 लाख आंका गया था, जिसमें से 2 करोड़ 23 लाख रुपये दिए जा चुके हैं और 23 लाख रुपये बाकी हैं। वहीं घायलों को 12 लाख रुपये देना शेष है, जिसका मामला कोर्ट मे चल रहा है। 6 फरवरी 2024 सिर्फ एक तारीख नहीं… हरदा के लिए वो काला दिन है, जिसने शहर की रूह तक जला दी। और यही वजह है कि हरदा के इतिहास में यह दिन हमेशा… काले दिन के रूप में याद रखा जाएगा।
यह भी पढ़ें
- IAS, IPS, IFS उम्मीदवारों को बड़ा झटका! UPSC ने बदल दिए नियम, अब दोबारा नहीं दे पाएंगे परीक्षा, जानिए क्या है नया फरमान
- UGC नियमों पर सुप्रीम कोर्ट में क्यों फेल हुई सरकार? ओवैसी का संघ परिवार पर बड़ा हमला, कहा- संविधान की हार नहीं होने देंगे
- टी20 वर्ल्ड कप 2026 में नहीं होगा भारत-पाक मैच? पाकिस्तान पीएम शहबाज शरीफ का बड़ा बयान, जान लीजिए India-Pakistan मैच का पूरा गणित
- अस्पताल के बाहर गोलीकांड! ड्यूटी पर जा रही नर्स को अस्पताल गेट पर मारी गोली, बेखौफ बदमाशों के आतंक से मचा हड़कंप
लेखक के बारे में
पत्रकारिता और क्रिएटिव राइटिंग में स्नातक हूँ। मीडिया क्षेत्र में 3 वर्षों का विविध अनुभव प्राप्त है, जहां मैंने अलग-अलग मीडिया हाउस में एंकरिंग, वॉइस ओवर और कंटेन्ट राइटिंग जैसे कार्यों में उत्कृष्ट योगदान दिया। IBC24 में मैं अभी Trainee-Digital Marketing के रूप में कार्यरत हूँ।
और भी पढ़ें...Web Title: Two years after the Harda factory blast, the same pain, the same tears, home remains a dream, this is what the victims are demanding.
हरदा
और भी पढ़ें ›
शह मात The Big Debate: ‘हेल्थ’ वाला हथियार..राहुल सर्वेस सरकार! बालाघाट में बच्चों की मौत पर सियासत क्यों? देखें पूरी रिपोर्ट
01 Oct 2026 | 11:36 pm
Wildlife Week 2026: मध्यप्रदेश में वन्यजीव पर्यटन को मिलेगी रफ्तार, CM मोहन यादव ने बताया बड़ा संकल्प, वनकर्मियों को दी बधाई
01 Oct 2026 | 11:12 pm
MP News: प्रधानमंत्री मोदी से मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने की भेंट, ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2027 के लिए किया आमंत्रित
01 Oct 2026 | 10:58 pm
Rahul Gandhi Balaghat visit: आदिवासी परिवारों से मिले राहुल गांधी, बच्चों की मौत पर सरकार को घेरा, उठाए स्वास्थ्य और मुआवजे के मुद्दे
01 Oct 2026 | 7:00 pm
Sidhi News: आधीरात शादीशुदा प्रेमिका से मिलने पहुंचा युवक! परिजनों ने दोनों को इस हाल में पकड़ा, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल
01 Oct 2026 | 4:38 pm
LPG Cylinder Price Hike: त्योहारी सीजन से पहले एक और बड़ा झटका, बढ़ गए गैस सिलेंडर के दाम, खरीदने के लिए देना होगा 2500 रुपए से ज्यादा पैसा
01 Oct 2026 | 4:14 pm
AIIMS Bhopal Employees Transfer Order Cancel: IBC24 की खबर का बड़ा असर, एम्स ने कर्मचारियों के ट्रांसफर और सेवा समाप्ति का आदेश किया निरस्त, बहाली के दिए निर्देश
01 Oct 2026 | 12:46 pm
Soybean Registration 2026 Latest News: किसानों के लिए जरूरी खबर, सोयाबीन पंजीयन की डेट को लेकर आया बड़ा अपडेट, सरकार सीधे खाते में भेजेगी राशि, जानें पूरा प्रोसेस
01 Oct 2026 | 9:59 am