मध्यप्रदेश के बांधवगढ़ रिजर्व में बाघ के हमले में एक महिला की मौत, तीन लोग घायल

मध्यप्रदेश के बांधवगढ़ रिजर्व में बाघ के हमले में एक महिला की मौत, तीन लोग घायल

मध्यप्रदेश के बांधवगढ़ रिजर्व में बाघ के हमले में एक महिला की मौत, तीन लोग घायल
Modified Date: May 24, 2026 / 07:16 pm IST
Published Date: May 24, 2026 7:16 pm IST

उमरिया, 24 मई (भाषा) मध्यप्रदेश के उमरिया जिले में बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व (बीटीआर) के पास रविवार तड़के बाघ के हमले में एक महिला की मौत हो गई तथा तीन अन्य लोगों को घायल हो गए। बचाव अभियान के दौरान बाघ की भी मौत हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

घटना रविवार तड़के करीब तीन बजे रिजर्व के निकट पनपथा गांव के खेरवा टोला इलाके में हुई। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने क्षेत्र में बार-बार हो रहे बाघ के हमलों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया और कथित तौर पर एक वन परिक्षेत्र अधिकारी की पिटाई की तथा एक महिला वनकर्मी से दुर्व्यवहार किया।

रिजर्व के क्षेत्र निदेशक अनुपम सहाय ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि बाघ गांव में घुसा और ग्रामीणों पर हमला कर दिया, जिसमें फूल बाई पाल (40) की मौत हो गई जबकि तीन अन्य लोग घायल हो गए।

उन्होंने बताया कि बाद में बाघ मृतका के घर में घुस गया, जहां बचाव अभियान के दौरान उसकी मौत हो गई।

सहाय ने कहा, ‘‘जब हमने बाघ को बेहोश करने के लिए इंजेक्शन लगाया तो उसमें कोई प्रतिक्रिया नहीं हुई, जिससे संकेत मिला कि उसकी पहले ही मौत हो चुकी थी।’’

उन्होंने इस बात से इनकार किया कि बाघ की मौत बेहोशी के इंजेक्शन (ट्रैंक्विलाइजर) की अधिक मात्रा के कारण हुई।

उन्होंने कहा कि बाघ की मौत के सही कारण का पता लगाने के लिए उसका पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।

अधिकारी ने बताया कि आक्रोशित ग्रामीणों ने क्षेत्र में लगातार हो रहे बाघ के हमलों के विरोध में कथित तौर पर वन परिक्षेत्र अधिकारी प्रतीक श्रीवास्तव की पिटाई की, जिससे वह घायल हो गए। ग्रामीणों ने एक महिला वनकर्मी से भी दुर्व्यवहार किया।

ग्रामीणों ने बताया कि बाघ के बस्ती में घुसने के बाद बार-बार सूचना देने के बावजूद वन विभाग के अधिकारी समय पर नहीं पहुंचे।

विरोध प्रदर्शन के कारण बचाव अभियान प्रभावित हुआ और अधिकारियों को महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए ले जाने से कथित तौर पर दो घंटे से अधिक समय तक रोके रखा गया।

सहाय ने कहा कि घायलों का नि:शुल्क इलाज कराया जाएगा और अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान उन्हें प्रतिदिन 500 रुपये दिए जाएंगे।

सूत्रों के अनुसार, बाद में कांग्रेस नेता एवं जनपद पंचायत सदस्य रोशनी सिंह धुर्वे गांव पहुंचीं और प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों को समझाया।

अधिकारियों ने बताया कि एहतियात के तौर पर गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में मृतका के परिजनों को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की।

उन्होंने घायलों के लिए नि:शुल्क उपचार और मुआवजा सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।

मानव-वन्यजीव संघर्ष की एक अन्य हालिया घटना में महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले में शुक्रवार सुबह तेंदूपत्ता एकत्र करने गईं चार महिलाओं की बाघ के हमले में मौत हो गई थी।

भाषा सं दिमो जोहेब

जोहेब


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