Indore Lokayukta Raid:इंदौर में लोकायुक्त की एक बड़ी कार्रवाई ने बिजली कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी (MP Electricity Officer Raid) की कथित अकूत संपत्ति का खुलासा किया है। पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अधीक्षण यंत्री शिवराम सेमिल के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में लोकायुक्त ने एक साथ 9 ठिकानों पर छापेमारी की। शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये की संपत्तियां, फैक्ट्रियां, प्लॉट, नकदी, सोना-चांदी और निवेश सामने आए हैं। लोकायुक्त को आशंका है कि यह आंकड़ा और बढ़ सकता है।
Indore Lokayukta Raid लोकायुक्त पुलिस इंदौर ने बिजली कंपनी के अधीक्षण यंत्री शिवराम सेमिल (Shivram Semil Raid) के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर इंदौर, पीथमपुर, धार, मुरैना और उज्जैनी क्षेत्र में एक साथ 9 ठिकानों पर सर्च कार्रवाई शुरू की। जांच में सामने आया है कि शिवराम सेमिल की वैध आय करीब 2 करोड़ रुपये होनी चाहिए थी, लेकिन अब तक 7 करोड़ 16 लाख रुपये से अधिक की संपत्तियों और खर्चों का खुलासा हो चुका है, जो आय से करीब 258 प्रतिशत अधिक बताया जा रहा है।
ढाई करोड़ के प्लॉट सौदे से जुड़े दस्तावेज भी मिले
लोकायुक्त की जांच में इंदौर के सिलिकॉन सिटी स्थित तीन मंजिला आलीशान मकान, ओमैक्स सिटी का प्लॉट, महिंद्रा इलेक्ट्रिक कार सहित कई चल और अचल संपत्तियां सामने आई हैं। पीथमपुर में शुभम इलेक्ट्रिकल, पावरजोन फैक्ट्री और एसएस इलेक्ट्रिकल से जुड़े सात प्लॉटों की भी जांच की जा रही है। इसके अलावा उज्जैनी क्षेत्र में एक और इलेक्ट्रिकल फैक्ट्री का पता चला है। जांच एजेंसियों को यह भी जानकारी मिली है कि इन फैक्ट्रियों को बिजली कंपनी के ट्रांसफॉर्मर रिपेयरिंग और अन्य कार्यों के ठेके भी मिलते रहे हैं। लोकायुक्त को हाल ही में ढाई करोड़ रुपये के प्लॉट सौदे से जुड़े दस्तावेज भी मिले हैं।
करोड़ों की संपत्ति का खुलासा
Indore Lokayukta Raid कार्रवाई के दौरान अब तक 3 लाख रुपये नकद, करीब 4 किलो चांदी, 25 तोला सोना और एक बैंक लॉकर की जानकारी मिली है। लोकायुक्त अधिकारी शिवराम सेमिल की पत्नी, बेटे, बहू, बेटी सुनीता सेमिल और दामाद सुनील सेमिल के नाम पर दर्ज संपत्तियों की भी पड़ताल कर रहे हैं। इंदौर के सपना-संगीता, एयरपोर्ट रोड, देवास नाका और सिलिकॉन सिटी समेत कई स्थानों पर जांच जारी है। लोकायुक्त अधिकारियों का अनुमान है कि संपत्ति का आंकड़ा 10 से 12 करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है।
पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अधीक्षण यंत्री (SE) शिवराम सेमिल के यहां छापेमारी की गई है।
छापेमारी किन-किन जगहों पर हुई?
इंदौर, पीथमपुर, धार, मुरैना और उज्जैनी क्षेत्र में कुल 9 ठिकानों पर कार्रवाई की गई।
अब तक कितनी संपत्ति का खुलासा हुआ है?
शुरुआती जांच में 7.16 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियां और खर्च सामने आए हैं। जांच एजेंसियों का अनुमान है कि यह आंकड़ा 10 से 12 करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है।
छापेमारी में क्या-क्या बरामद हुआ है?
अब तक 3 लाख रुपये नकद, करीब 4 किलो चांदी, 25 तोला सोना, बैंक लॉकर, आलीशान मकान, प्लॉट, फैक्ट्रियां और अन्य निवेश की जानकारी मिली है।
लोकायुक्त किस पहलू की जांच कर रही है?
आय से अधिक संपत्ति, परिवार के नाम पर दर्ज संपत्तियां, फैक्ट्रियों के स्वामित्व, निवेश और बिजली कंपनी से मिले ठेकों की जांच की जा रही है।