मध्यप्रदेश मंत्रिपरिषद ने सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की वृद्धि को मंजूरी दी
मध्यप्रदेश मंत्रिपरिषद ने सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की वृद्धि को मंजूरी दी
भोपाल, 23 मार्च (भाषा) मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में सोमवार को हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की वृद्धि को मंजूरी दी गयी। एक सरकारी बयान में यह जानकारी दी गयी।
बयान के अनुसार मंत्रिपरिषद ने अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के विद्यार्थियों को सुरक्षा बलों में करियर बनाने के लिए शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना चलाने को भी मंजूरी दी।
बयान के मुताबिक मंत्रिपरिषद ने 6,940 करोड़ रुपये के विभिन्न निर्माण और विकास कार्यों को भी स्वीकृति प्रदान की।
बयान में कहा गया कि मंत्रिपरिषद द्वारा राज्य शासन का सातवां वेतनमान प्राप्त कर रहे सरकारी कर्मियों के महंगाई भत्ते में एक जुलाई 2025 से तीन प्रतिशत की वृद्धि को स्वीकृति प्रदान की गयी है।
बयान में कहा गया कि छठवें वेतनमान के कार्मियों एवं निगम, मंडल, उपक्रम के राज्य शासन में प्रतिनियुक्ति पर राज्य शासन में कार्यरत पांचवें एवं चौथे वेतनमान अंतर्गत कर्मियों को समानुपातिक आधार पर मंहगाई भत्ता में वृद्धि के लिए वित्त विभाग को अधिकृत किया गया है।
इसके मुताबिक एक जुलाई, 2025 से 31 मार्च, 2026 तक की बकाया राशि का भुगतान छःह समान किश्तों में किया जायेगा।
बयान में कहा गया, ‘‘प्रथम किश्त का भुगतान मई में, द्वितीय किश्त का भुगतान जून में, तृतीय किश्त का भुगतान जुलाई में, चतुर्थ किश्त का भुगतान अगस्त में, पांचवी किश्त का भुगतान सितम्बर में और छठी किश्त का भुगतान अक्टूबर में किया जायेगा।’’
एक अधिकारी ने बताया कि एक जनवरी, 2025 एवं 31 मार्च, 2026 के बीच सेवानिवृत और मृत सरकारी कर्मियों के संबंध में उन्हें अथवा नामांकित सदस्य को बकायार राशि का भुगतान एकमुश्त किया जायेगा।
मंत्रिपरिषद द्वारा रीवा जिले की महाना माईक्रो सिंचाई परियोजना की लागत 82 करोड़ 39 लाख रूपये की स्वीकृति प्रदान किये जाने का भी निर्णय लिया गया।
अधिकारी ने बताया, ‘‘इस परियोजना से कुल 4500 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा का लाभ होगा। रीवा जिले की जवा एवं त्योंथर तहसील के 18 ग्रामों के लगभग 950 कृषक परिवार लाभान्वित होंगे।’’
इसके साथ ही मंत्रिपरिषद् द्वारा अन्य पिछड़े वर्ग के युवक-युवतियों को सैन्य बल एवं अन्य समकक्ष सुरक्षा बलों, पुलिस, होमगार्ड एवं निजी सुरक्षा एजेंसियों में भर्ती के लिए सक्षम बनाने लिए शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना 2026 का संचालन किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गई।
अधिकारी ने बताया कि इसके तहत प्रतिवर्ष अन्य पिछड़े वर्ग के 4000 युवाओं को सैन्य बल एवं अन्य समकक्ष सुरक्षा बलों में भर्ती के लिए आवासीय प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण अवधि में पात्र पुरूष अभ्यर्थी को एक हजार रुपये प्रति माह तथा महिला अभ्यर्थी को 1100 रुपये प्रति माह की दर से शिष्यवृत्ति भी उपलब्ध कराई जायेगी।
अधिकारी ने बताया कि प्रदेश के 10 स्थानों पर स्थापित 40 केन्द्रों पर महिला एवं पुरूष अभ्यर्थियों को पृथक-पृथक प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा और इसमें न्यूनतम 35 प्रतिशत सीट महिला अभ्यर्थियों द्वारा भरी जायेगी।
उन्होंने कहा कि इसके अंतर्गत नि:शुल्क आवासीय एवं भोजन व्यवस्था तथा अध्ययन सामग्री प्रदान की जायेगी।
मंत्रिपरिषद ने सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग अंतर्गत दिव्यांगता के क्षेत्र में संचालित संस्थाओं में अतिथि शिक्षकों को स्कूल शिक्षा विभाग के अतिथि शिक्षक वर्ग-1 के समरूप प्रतिमाह 18 हजार रूपये मानदेय दिया जाने का निर्णय लिया।
इसके अलावा मंत्रिपरिषद ने भारत सरकार द्वारा आंगनवाड़ी केंद्र में पूरक पोषण आहार में की गयी वृद्धि के अनुरूप, प्रदेश के समस्त संचालित आंगनवाड़ी केंद्रों में 06 माह से 06 वर्ष आयु वर्ग के अति कम वजन के बच्चों के लिए पूर्व निर्धारित प्रतिदिन प्रति हितग्राही राशि 8 रुपये से बढ़ाकर 12 रुपये किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गई।
भाषा ब्रजेन्द्र
राजकुमार
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