जबलपुर, 25 मई (भाषा) मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने त्विषा शर्मा की मौत के मामले में उनकी सास गिरिबाला सिंह को दी गई अग्रिम जमानत रद्द करने की मांग करने वाली दो याचिकाओं पर सुनवाई सोमवार को 27 मई तक के लिए स्थगित कर दी।
मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति देवी नारायण मिश्रा की एकल पीठ के समक्ष हुई।
सुनवाई के दौरान त्विषा की सास पूर्व न्यायाधीश गिरिबाला सिंह के वकील जॉर्ज कार्लो ने अदालत को बताया कि उनके मुवक्किल को अभी तक त्विषा के पिता द्वारा दायर याचिका की प्रति नहीं मिली है और उन्होंने जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा।
कार्लो ने कहा कि अग्रिम जमानत रद्द करने की मांग करने वाली दोनों याचिकाएं अलग-अलग आधारों पर दायर की गई हैं, इसलिए उनके लिए अलग-अलग जवाब दाखिल करना आवश्यक है।
उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को गिरिबाला सिंह को नोटिस जारी किया था। वह वर्तमान में भोपाल उपभोक्ता अदालत की अध्यक्ष हैं।
त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा और मध्यप्रदेश सरकार ने अग्रिम जमानत रद्द करने की मांग करते हुए अलग-अलग याचिकाएं दायर की हैं।
त्विषा शर्मा (33) का शव 12 मई को भोपाल के कटारा हिल्स इलाके में स्थित उनके ससुराल में फंदे से लटका मिला था।
त्विषा के परिवार ने उसके ससुराल पक्ष पर दहेज प्रताड़ना और आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया है, जबकि गिरिबाला सिंह के परिवार का दावा है कि वह नशे की आदी थी।
पुलिस ने समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 80(2), 85 और 3(5) के साथ-साथ दहेज निषेध अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
भाषा
ब्रजेन्द्र रवि कांत