प्रधान के इस्तीफे में छात्रों की मौत पर पछतावा नहीं झलकता: वीबीए प्रमुख आंबेडकर

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प्रधान के इस्तीफे में छात्रों की मौत पर पछतावा नहीं झलकता: वीबीए प्रमुख आंबेडकर

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  • Publish Date - July 25, 2026 / 08:55 PM IST,
    Updated On - July 25, 2026 / 08:55 PM IST

मुंबई, 25 जुलाई (भाषा) वंचित बहुजन आघाड़ी (वीबीए) प्रमुख प्रकाश आंबेडकर ने शनिवार को दावा किया कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे में ना तो राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्नपत्र लीक के चलते कथित तौर पर आत्महत्या करने वाले छात्रों को लेकर कोई पछतावा झलकता है और ना ही प्रदर्शनकारी युवाओं पर बल प्रयोग के आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देता है।

आंबेडकर ने कहा कि इस्तीफे के पत्र की भाषा से लगता है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उनसे इस्तीफा नहीं मांगा था। आंबेडकर ने संवाददाताओं से कहा, ‘ऐसा लगता है कि प्रधान ने खुद इस्तीफा दिया है। पत्र में आंदोलन में असामाजिक तत्वों के घुसने की बात कही गई है, लेकिन उनकी अक्षमता के कारण आत्महत्या करने वाले 22 युवाओं को लेकर कोई पछतावा नहीं जताया गया है। इसमें पुलिस लाठीचार्ज या कथित बर्बरता के लिए पुलिसकर्मियों के खिलाफ किसी कार्रवाई का कोई उल्लेख नहीं है।’

उन्होंने दावा किया कि इस्तीफे के पत्र के लहजे से संकेत मिलता है कि प्रधान ने स्वेच्छा से पद छोड़ा है और यह घटनाक्रम सत्तारूढ़ व्यवस्था के भीतर मतभेदों की ओर इशारा करता है।

आंबेडकर ने कहा, ‘मुझे व्यक्तिगत रूप से लगता है कि जिस तरह से प्रधान ने इस्तीफा दिया, उससे लगता है कि उन्होंने खुद पद छोड़ा है। इसके पीछे कुछ अंदरूनी खींचतान होगी और वह इस तरह सामने आई है।’

वीबीए नेता ने दावा किया कि इस्तीफे के पत्र में शिक्षा व्यवस्था में सुधार या शिक्षा के केंद्रीकरण को वापस लेने को लेकर कोई आश्वासन नहीं दिया गया है।

उन्होंने कहा, ‘पहले शिक्षा राज्य का विषय था, लेकिन अब इसे केंद्रीकृत कर दिया गया है। यह केवल पैसा कमाने के लिए किया गया है। क्या केंद्र सरकार शिक्षा क्षेत्र के केंद्रीकरण को वापस लेगी?’

उन्होंने यह भी सवाल किया कि क्या केंद्र सरकार कथित रूप से आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को मुआवजे की घोषणा करेगी और क्या प्रधानमंत्री इन मौतों पर खेद व्यक्त करेंगे।

आंबेडकर ने कहा कि वीबीए कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के संस्थापक अभिजीत दीपके और आंदोलन से जुड़े छात्रों के भविष्य के फैसलों का समर्थन जारी रखेगी।

कॉजपा ने शनिवार को नीट मुद्दे को लेकर अपना आंदोलन वापस ले लिया। संगठन की मांगों में प्रधान का इस्तीफा और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी वापस लेना शामिल था, जिन्हें सरकार ने स्वीकार कर लिया।

केंद्रीय मंत्री जे पी नड्डा ने कहा कि नीट परीक्षा रद्द होने के बाद आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को नियमों के तहत ‘सम्मानजनक मुआवजा’ दिया जाएगा।

भाषा अमित दिलीप

दिलीप