मुंबई में सड़कों को वाहनों के योग्य बनाना बीएमसी की जिम्मेदारी : उच्च न्यायालय
मुंबई में सड़कों को वाहनों के योग्य बनाना बीएमसी की जिम्मेदारी : उच्च न्यायालय
मुंबई, 11 मार्च (भाषा) बंबई उच्च न्यायालय ने सोमवार को कहा कि वह गड्ढों के कारण होने वाली हर सड़क दुर्घटना पर नजर नहीं रख सकता और वाहनों के योग्य सड़कें तथा पैदल चलने वालों के अनुकूल फुटपाथ सुनिश्चित करना शहर के नगर निकाय की जिम्मेदारी है।
मुख्य न्यायाधीश देवेन्द्र उपाध्याय और न्यायमूर्ति आरिफ डॉक्टर की खंडपीठ ने यह भी कहा कि बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) ने पिछले मानसून में गड्ढों को भरने पर 273 करोड़ रुपये खर्च करने का दावा किया था, लेकिन सड़कों की हालत अब भी खराब है।
पीठ अधिवक्ता रूजू ठक्कर की एक याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें मुंबई और पड़ोसी क्षेत्रों की सभी मुख्य सड़कों पर गड्ढों को भरने के उच्च न्यायालय के 2018 के आदेश को लागू करने में विफल रहने के लिए नगर निगम अधिकारियों के खिलाफ अवमानना कार्रवाई का अनुरोध किया गया था।
ठक्कर पिछले साल से गड्ढों के कारण हुई दुर्घटनाओं के चलते वाहन चालकों की मौत की घटनाओं के बारे में पीठ को जानकारी दे रहे हैं।
न्यायमूर्ति उपाध्याय ने कहा, ‘प्रत्येक सड़क दुर्घटना और गड्ढों की निगरानी करना मुश्किल होता जा रहा है। अंततः यह उनकी (बीएमसी) जिम्मेदारी है।’
भाषा जोहेब अविनाश
अविनाश

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