एमएससीबी घोटाला: ईडी मामले में राकांपा (शप) नेता रोहित पवार एवं अन्य आरोपमुक्त
एमएससीबी घोटाला: ईडी मामले में राकांपा (शप) नेता रोहित पवार एवं अन्य आरोपमुक्त
मुंबई, 22 अप्रैल (भाषा) मुंबई की एक विशेष अदालत ने महाराष्ट्र राज्य सहकारी बैंक (एमएससीबी) में 25,000 करोड़ रुपये के कथित घोटाले के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की ओर से दर्ज मामले में राकांपा (शप) विधायक रोहित पवार और अन्य आरोपियों को बुधवार को आरोपमुक्त कर दिया।
सांसदों और विधायकों से जुड़े मामलों की सुनवाई करने वाली विशेष अदालत के न्यायाधीश महेश जाधव ने सभी 17 आरोपियों की आरोपमुक्त करने की अर्जी स्वीकार करते हुए मामले का निपटारा कर दिया।
ईडी की ओर से दर्ज धन शोधन का यह मामला अगस्त 2019 में मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) द्वारा दर्ज प्राथमिकी पर आधारित था, जिसमें आरोप लगाया गया था कि एमएससीबी के तत्कालीन अधिकारियों और निदेशकों ने ‘सहकारी साखर कारखानों’ (सहकारी चीनी मिलें) को उचित प्रक्रिया का पालन किए बिना अपने रिश्तेदारों या अन्य निजी व्यक्तियों को बहुत कम कीमतों पर बेच दिया था।
हालांकि, विशेष अदालत ने हाल में इस मामले में ईओडब्ल्यू की ओर से दायर क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार कर ली थी। इसके बाद रोहित पवार और अन्य आरोपियों ने धन शोधन से जुड़े मामले में उन्हें आरोपमुक्त किए जाने का अनुरोध करते हुए अदालत का रुख किया था।
ईडी ने आरोपियों की अर्जी का विरोध किया था। जांच एजेंसी ने दलील दी थी कि विशेष अदालत ने भले ही ईओडब्ल्यू की क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार कर ली है, लेकिन 2021 में उसकी (ईडी) ओर से दायर वह रिट याचिका बंबई उच्च न्यायालय में अब भी विचाराधीन है, जिसमें उसने मामले में हस्तक्षेप के अपने आवेदन को खारिज किए जाने के फैसले को चुनौती दी है।
जांच के दौरान ईडी ने मार्च 2023 और जुलाई 2025 के बीच कुल 17 व्यक्तियों के खिलाफ एक मुख्य अभियोजन शिकायत और तीन पूरक शिकायतें दर्ज की थीं।
जांच एजेंसी ने अदालत से आरोपियों की आरोपमुक्त करने के अनुरोध वाली याचिकाओं पर गुण-दोष के आधार पर फैसला लेने का आग्रह किया था।
एमएससीबी महाराष्ट्र का शीर्ष सहकारी बैंक है। ईओडब्ल्यू ने आरोप लगाया था कि बैंक द्वारा ऋण वितरण में अनियमितताओं के कारण जनवरी 2007 से दिसंबर 2017 के बीच सरकारी खजाने को 25,000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ।
भाषा पारुल रंजन
रंजन

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