मुंबई, 13 सितंबर (भाषा) शिया इस्माइली मुसलमानों के 50वें वंशानुगत इमाम और आगा खान डेवलपमेंट नेटवर्क (एकेडीएन) के अध्यक्ष प्रिंस रहीम आगा खान-पंचम ने महाराष्ट्र के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा से रविवार को मुलाकात की और पर्यावरण संरक्षण तथा आजीविका विकास समेत कई मुद्दों पर चर्चा की।
एक आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक प्रिंस रहीम आगा खान ने कहा कि एकेडीएन शहरों के लिए जलवायु कार्रवाई योजना पर काम कर रहा है और महाराष्ट्र के शहरों और कस्बों में तामपान कम करने के नए और नवोन्मेषी तरीके लागू कर रहा है, जिनसे स्थानीय समुदायों को काफी लाभ हुआ है।
विज्ञप्ति के मुताबिक उन्होंने कहा कि एकेडीएन को महाराष्ट्र के विश्वविद्यालयों के साथ पर्यावरण संरक्षण, जलवायु कार्रवाई और इससे जुड़े मुद्दों पर मिलकर काम करने में प्रसन्नता होगी।
विज्ञप्ति के मुताबिक आगा खान ने राज्यपाल को बताया कि एकेडीएन पहले से ही पुणे, मीरा-भायंदर, चंद्रपुर और अन्य जगहों पर जलवायु कार्रवाई, उत्सर्जन में कमी और शीतलन समाधान केंद्रित पहल कर रहा है।
आध्यात्मिक गुरु ने वसई में तालाबों और जलाशयों के पुनरुद्धार के लिए एकेडीएन द्वारा किये जा रहे काम की भी जानकारी दी, जिससे भूजल स्तर को बेहतर बनाने में मदद मिली है। उन्होंने कहा कि एकेडीएन बढ़ते तापमान और ग्लोबल वार्मिंग से प्रभावित लोगों को राहत देने और समुदायों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार करने के लिए प्रतिबद्ध है।
बैठक के दौरान, वर्मा ने प्रिंस रहीम आगा खान को एक विशेष फोटो एल्बम भेंट की। इस एल्बम में उनके दिवंगत पिता, प्रिंस करीम आगा खान चतुर्थ की महाराष्ट्र लोक भवन (जो उस समय राज भवन था) की अलग-अलग मौकों पर हुई यात्राओं की तस्वीरें हैं।
अपने दिवंगत पिता की तस्वीरों और यादों से भावुक प्रिंस रहीम आगा खान ने कहा, ‘‘यह बहुत दिल को छू लेने वाला है। अद्भुत।’’ यह प्रिंस रहीम आगा खान-पंचम की भारत की पहली आधिकारिक यात्रा है। वह अपने पिता प्रिंस करीम आगा खान-चतुर्थ के निधन के बाद फरवरी 2025 में इमाम बने थे।
आगा खान-पंचम ने दिन में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से भी मुलाकात की थी। उन्होंने शनिवार को गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और राज्यपाल आचार्य देवव्रत से मुलाकात की थी।
आध्यात्मिक नेता ने इस्माइली इमामत, एकेडीएन और भारत के बीच लंबे समय से चली आ रही साझेदारी पर चर्चा करने के लिए 10 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और अन्य वरिष्ठ राष्ट्रीय नेताओं से मुलाकात की थी।
भाषा धीरज नरेश
नरेश