एमवीए में 25 से 30 विधानसभा सीट को लेकर है गतिरोध, कांग्रेस आलाकमान लेगा फैसला : पटोले

एमवीए में 25 से 30 विधानसभा सीट को लेकर है गतिरोध, कांग्रेस आलाकमान लेगा फैसला : पटोले

एमवीए में 25 से 30 विधानसभा सीट को लेकर है गतिरोध, कांग्रेस आलाकमान लेगा फैसला : पटोले
Modified Date: October 18, 2024 / 06:43 pm IST
Published Date: October 18, 2024 6:43 pm IST

मुंबई, 18 अक्टूबर (भाषा) कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई के अध्यक्ष नाना पटोले ने शुक्रवार को कहा कि आगामी राज्य विधानसभा चुनाव के लिए विपक्षी महा विकास आघाडी (एमवीए) के घटकों के बीच 25 से 30 सीट को लेकर गतिरोध है और पार्टी इकाई इस मुद्दे पर आलाकमान के किसी भी फैसले को स्वीकार करेगी।

पटोले ने संवाददाताओं से कहा कि एमवीए में सीट बंटवारे को लेकर बातचीत बृहस्पतिवार को समाप्त हो गई।

उन्होंने कहा, ‘‘शिवसेना ने करीब 48 सीट की सूची दी है जबकि हमने (कांग्रेस) उनमें से 18 पर दावा किया है। 25 से 30 सीट को लेकर विवाद है। हमने अपने पार्टी के आलाकमान को इसकी जानकारी दे दी है और इस मुद्दे पर अपने नेतृत्व के फैसले का अनुपालन करेंगे।’’

पटोले ने सवाल किया, ‘‘क्या (शिवसेना-यूबीटी नेता) संजय राउत और (राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी- एसपी की महाराष्ट्र इकाई के प्रमुख) जयंत पाटिल क्रमश : उद्धव ठाकरे या शरद पवार से विचार-विमर्श किए बिना फैसला ले सकते हैं?’’

मीडिया के एक धड़े ने कयास लगाया था कि एमवीए में सीट बंटवारे पर होने वाली बैठक में अगर पटोले उपस्थित होंगे तो शिवसेना (यूबीटी) हिस्सा नहीं लेगी। इस बारे में पूछे जाने पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जानबूझकर इस कयास को ‘हवा’दी जा रही है।

इससे पहले दिन में शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के वरिष्ठ नेता संजय राउत ने महाराष्ट्र में विपक्षी गठबंधन महा विकास आघाडी (एमवीए) में सीट बंटवारा वार्ता पर देरी को लेकर शुक्रवार को निराशा जताई और दावा किया कि कांग्रेस की प्रदेश इकाई के नेता “फैसले लेने में सक्षम नहीं हैं।”

मुंबई में संवाददाताओं से बातचीत में राउत ने कहा कि एमवीए के घटक दलों में महाराष्ट्र विधानसभा की कुल 288 सीट में से 200 पर आम सहमति कायम हो गई है। एमवीए में कांग्रेस, शिवसेना (यूबीटी) और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) शामिल हैं।

महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान 20 नवंबर को होगा, जबकि वोटों की गिनती 23 नवंबर को की जाएगी।

भाषा धीरज माधव

माधव


लेखक के बारे में