खिलाड़ियों के कोविड-19 पृथकवास पर जाने के कारण काउंटी एकादश की ओर से उतरे आवेश, वाशिंगटन

खिलाड़ियों के कोविड-19 पृथकवास पर जाने के कारण काउंटी एकादश की ओर से उतरे आवेश, वाशिंगटन

खिलाड़ियों के कोविड-19 पृथकवास पर जाने के कारण काउंटी एकादश की ओर से उतरे आवेश, वाशिंगटन
Modified Date: November 29, 2022 / 07:54 pm IST
Published Date: July 20, 2021 3:04 pm IST

डरहम, 20 जुलाई (भाषा) काउंटी एकादश (सिलेक्ट काउंटी एकादश) के चोट और कोविड-19 से जुड़े पृथकवास के कारण अपने खिलाड़ियों को गंवाने के बाद भारत के युवा खिलाड़ी आवेश खान और वाशिंगटन सुंदर इंग्लैंड एवं वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) की इस टीम की ओर से अपने ही देश की टीम के खिलाफ उतरे।

तीन दिवसीय प्रथम श्रेणी मैच में आवेश ने 9.5 ओवर गेंदबाजी भी की जिसके बाद उनके हाथ के अंगूठे में चोट लग गई और इसके कारण उनके मैच में आगे हिस्सा लेने की संभावना नहीं है।

भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने बयान में कहा, ‘‘ईसीबी ने भारतीय टीम प्रबंधन से आग्रह किया कि भारतीय दल में से दो खिलाड़ी काउंटी एकादश की ओर से खेलने के लिए दें क्योंकि उनके कुछ खिलाड़ी चोटिल होने या कोविड-19 पॉजिटिव व्यक्ति के करीबी संपर्क के कारण उपलब्ध नहीं हैं।’’

बयान के अनुसार, ‘‘इसे ध्यान में रखते हुए वाशिंगटन संदर और आवेश खान को उनकी टीम की ओर से खेलने के लिए उपलब्ध कराया गया।’’

वाशिंगटन को काउंटी एकादश के खिलाड़ियों के समूह में एकत्रित होने से बचते हुए देखा गया और उन्होंने सिर्फ विकेट चटकाने वाले गेंदबाजों के साथ मुक्के टकराकर जश्न मनाया।

अभ्यास मैचों के दौरान खिलाड़ियों का अपनी ही टीम के खिलाफ उतरना नई चीज नहीं है। वाशिंगटन को हालांकि पहले दिन चाय के विश्राम से पहले तक कप्तान विल रोड्स ने गेंदबाजी का मौका नहीं दिया।

सबसे जाने माने ‘रिजर्व क्षेत्ररक्षक’ 14 साल के सचिन तेंदुलकर थे जिन्होंने 1987 में ब्रेबोर्न स्टेडियम में भारत के खिलाफ मैच के दौरान इमरान खान की अगुआई वाली पाकिस्तान की टीम के लिए क्षेत्ररक्षण किया था।

तेंदुलकर उस मैच में ‘बॉल ब्वॉय’ थे और अब्दुल कादिर की जगह क्षेत्ररक्षण करने उतरे थे।

तेंदुलकर ने कपिल देव का कैच लगभग लपक ही लिया था लेकिन अंत में कूदते हुए कैच पकड़ने का उनका प्रयास नाकाम रहा।

भाषा सुधीर आनन्द

आनन्द


लेखक के बारे में