इतिहास रचने के लिए कोरिया की कड़ी चुनौती से पार पाना होगा भारतीय महिला हॉकी टीम को

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इतिहास रचने के लिए कोरिया की कड़ी चुनौती से पार पाना होगा भारतीय महिला हॉकी टीम को

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  • Publish Date - September 29, 2026 / 02:10 PM IST,
    Updated On - September 29, 2026 / 02:10 PM IST

काकामिगाहारा (जापान), 29 सितंबर (भाषा) एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक के 44 साल के इंतजार को खत्म करने की कवायद में लगी भारतीय महिला हॉकी टीम को बुधवार को यहां होने वाले सेमीफाइनल में दक्षिण कोरिया की कड़ी चुनौती से पार पाना होगा।

भारतीय महिला टीम ने अभी तक अच्छा प्रदर्शन किया है और वह अजेय है। भारतीय टीम अब अपनी इस लय को बरकरार रखकर इतिहास रचने की कोशिश करेगी। वह एशियाई खेलों में दूसरा स्वर्ण पदक हासिल करने से सिर्फ दो जीत दूर है। इससे पहले उसने एकमात्र स्वर्ण पदक 1982 में जीता था।

भारतीय टीम लगातार पांच मैच जीतने और बेहतर विश्व रैंकिंग के साथ कोरियाई टीम के खिलाफ प्रबल दावेदार के रूप में शुरुआत करेगी।

भारत विश्व रैंकिंग में आठवें जबकि कोरिया 15वें स्थान पर है। इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाली टीमों में केवल मौजूदा ओलंपिक रजत पदक विजेता चीन ही भारत से ऊपर चौथे स्थान पर है।

भारतीय टीम पूल बी में पांचों मैच जीतकर आत्मविश्वास से भरी हुई है, लेकिन उसे दक्षिण कोरिया की मजबूत टीम से मिलने वाली चुनौती के प्रति भी सचेत रहना होगा।

भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पूल बी में शीर्ष स्थान हासिल किया। उसने अपने अभियान की शुरुआत उज्बेकिस्तान के खिलाफ 19-0 की जीत से की। इसके बाद इंडोनेशिया को 17-1 से हराया और फिर थाईलैंड पर 20-1 से जीत दर्ज की। मेजबान जापान के खिलाफ कड़े मुकाबले में 3-1 की जीत से भारत ने अपनी लय को बरकरार रखा और अंत में सिंगापुर पर 7-0 की शानदार जीत के साथ पूल चरण का समापन किया।

दक्षिण कोरिया ने पूल ए में चीन के बाद दूसरा स्थान हासिल किया। उसने पांच मैचों में चार जीत दर्ज कीं। उसकी एकमात्र हार चीन के खिलाफ 0-3 से हुई। दक्षिण कोरिया की सबसे बड़ी जीत बांग्लादेश के खिलाफ 8-0 की थी।

भारत के आक्रमण के आंकड़े विशेष रूप से प्रभावशाली रहे हैं, जिसमें ड्रैग-फ्लिक विशेषज्ञ दीपिका पांच मैचों में 21 गोल के साथ टूर्नामेंट में सबसे अधिक गोल करने वाली खिलाड़ी हैं।

अनुभवी फॉरवर्ड नवनीत कौर 10 गोल के साथ सूची में दूसरे स्थान पर हैं। रुतुजा दादासो पिसल ने सात गोल किए हैं, जबकि लालरेम्सियामी और इशिका ने क्रमशः छह और पांच गोल दागे हैं, जिससे भारत के मजबूत आक्रमण का पता चलता है।

भारत को गोलकीपिंग के विकल्पों से भी काफी फायदा हुआ है, जिसमें अनुभवी गोलकीपर सविता और बिचु देवी ने अच्छा प्रदर्शन किया है। दक्षिण कोरिया के खिलाफ इन दोनों का प्रदर्शन काफी मायने रखेगा।

भारतीय टीम के मुख्य कोच शोर्ड मारिन ने कहा, ‘‘सभी को यह पता है कि हमसे क्या उम्मीद की जा रही है। जापान को छोड़कर हमें किसी भी अन्य टीम से कड़ी चुनौती नहीं मिली। अब एशियाई खेलों के सेमीफाइनल में यह एक बड़ी चुनौती है और हम दक्षिण कोरिया के खिलाफ खेलने के लिए तैयार हैं।’’

दक्षिण कोरिया आक्रमण में तेजी लाने के लिए मिडफील्डर सियुंगए पार्क पर निर्भर रहेगा। वह टूर्नामेंट में अब तक आठ गोल कर चुकी हैं और भारत की रक्षापंक्ति के लिए उन्हें काबू में रखना चुनौती होगी।

पिछले दो-तीन दिनों से यहां आसमान बादलों से घिरा हुआ है। यहा तक कि सोमवार को पाकिस्तान और ओमान के बीच पुरुषों का मैच भारी बारिश के कारण 15-20 मिनट के लिए स्थगित करना पड़ा। हालांकि बुधवार को धूप निकलने का अनुमान है।

भाषा

पंत आनन्द

आनन्द