एनआरएआई ने एक को छोड़ राष्ट्रीय खेल संहिता के सभी प्रावधानों को माना

एनआरएआई ने एक को छोड़ राष्ट्रीय खेल संहिता के सभी प्रावधानों को माना

एनआरएआई ने एक को छोड़ राष्ट्रीय खेल संहिता के सभी प्रावधानों को माना
Modified Date: November 29, 2022 / 08:31 pm IST
Published Date: March 6, 2021 4:02 pm IST

नयी दिल्ली, छह मार्च (भाषा) भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) ने शनिवार को कहा कि वह राज्य संघों को मान्यता देने वाले उपबंध को छोड़ कर राष्ट्रीय खेल संहिता के सभी प्रावधानों का पालन करेगा।

इस निशानेबाजी महासंघ ने अपनी आम सभा की विशेष बैठक में यह फैसला किया।

एनआरएआई के अध्यक्ष रणिंदर सिंह ने कहा कि व्यावहारिक कारणों के कारण उन्हें छत्तीसगढ़ और केंद्र शासित प्रदेशों जैसे जम्मू कश्मीर के लिए अपवाद बनाने पर मजबूर किया।

नियमों के अनुसार, मान्यता प्राप्त करने के लिए राज्य संघ से संबंधित राज्य के कम से कम आधे जिलों को संबद्ध किया जाना चाहिए।

सिंह ने कहा कि स्थानीय कानून एवं व्यवस्था की स्थितियों के कारण कुछ स्थानों पर यह संभव नहीं है।

. यहां जारी विज्ञप्ति में उन्होंने कहा, ‘‘ एनआरएआई ने आज आम सभा की विशेष बैठक में राष्ट्रीय खेल संहिता के एक प्रावधान को छोड़कर पूरी तरह से इसे स्वीकार कर लिया है। इस प्रावधान में व्यावहारिक छूट दी गयी है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ एक (उपबंध) में आधे जिलों को राज्य महासंघ से संबद्ध किये जाने का प्रावधान है। लेकिन स्थानीय कानून और व्यवस्था की स्थिति के कारण छत्तीसगढ़ और केंद्र शासित प्रदेश जैसे जम्मू कश्मीर आदि राज्यों में यह व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘ हमने इसमें छूट देकर सभी राज्य और केन्द्र शासित प्रदेशों के राइफल संघों के साथ इसे 20 प्रतिशत (जिलों का संबद्ध) रखा है।’’

इस बैठक में एनआरएआई ने हाल ही में अनुशासनात्मक आधार पर प्रतिबंधित किये गये निशानेबाजों को प्रतियोगिताओं में भाग लेने की छूट दे दी।

भाषा आनन्द नमिता

नमिता


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