जनता मांगे हिसाब: अहिवारा की जनता ने मांगा हिसाब

Ads

जनता मांगे हिसाब: अहिवारा की जनता ने मांगा हिसाब

  •  
  • Publish Date - May 3, 2018 / 11:02 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:55 PM IST

अहिवारा की भौगोलिक स्थिति-

जनता मांगे हिसाब की शुरुआत करते हैं  छत्तीसगढ़ के अहिवारा विधानसभा सीट से..सबसे पहले सीट की भौगोलिक स्थिति पर एक नजर..

अहिवारा विधानसभा

दुर्ग जिले में आती है विधानसभा सीट

SC वर्ग के लिए आरक्षित है सीट

जनसंख्या- 2 लाख 92 हजार 356

कुल मतदाता- 2 लाख 15 हजार 105

पुरुष मतदाता- 1 लाख 8 हजार 615 

महिला मतदाता- 1 लाख 6 हजार 490

विधानसभा क्षेत्र में कई बड़े उद्योग

खनिज संपदा का भंडार

वर्तमान में विधानसभा सीट पर बीजेपी का कब्जा

राजमहंत सांवला राम डाहरे हैं बीजेपी विधायक

अहिवारा विधानसभा क्षेत्र की सियासत

विधानसभा चुनाव की उल्टी गिनती शुरु हो चुकी है तो ऐसे में दुर्ग जिले की अहिवारा विधानसभा में सियासी शोर भी सुनाई देने लगा है…अब टिकट की आस में बैठे नेता भी सक्रिय दिखाई देने लगे हैं..बीजेपी हो या फिर कांग्रेस दोनों में दावेदारों की लाइन लंबी होती जा रही है ।

खनिज संपदा की धनी है दुर्ग की विधानसभा सीट अहिवारा…एक नहीं कई बड़े उद्योग हैं लेकिन फिर भी बेरोजगारी की मार झेल रहे हैं लोग…रोजगार देने के नाम पर किसानों की जमीन का अधिग्रहण तो किया गया लेकिन रोजगार नहीं मिला । तो वहीं किसान भी एक नहीं खई समस्याओं से परेशान है…चूना खदानों की वजह से किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है..नतीजा फसलें चौपट हो रही हैं..इसके अलावा उद्योगों से निकलने वाला प्रदूषित पानी शिवनाथ नदी में मिल रहा है। शहर से लेकर गांवों तक पेयजल संकट से भी जूझ रहे हैं लोग…इस इलाके में सड़कों की भी हालत भी खराब है…माइंस क्षेत्र से गुजरने वाले भारी वाहनो की वजह से नंदनी अहिवारा मुख्य मार्ग का तो बुरा हाल है।

स्वास्थ्य सुविधाएं भी क्षेत्र में दम तोड़ती दिखाई देती हैं …जामुल में अस्पताल की मांग लंबे समय से कि जाती रही है लेकिन अब तक कुछ नहीं हुआ….कहने को तो क्षेत्र में प्रदेश का पहला आईआईटी प्रस्तावित है लेकिन स्कूली शिक्षा का बुरा हाल है..स्थानीय खिलाड़ियों के खेल मैदान की मांग भी अब तक पूरी नहीं हो पाई है…ये वो समस्याएं हैं जिनसे जूझ रही है अहिवारा विधानसभा की जनता ।

अहिवारा विधानसभा क्षेत्र के मुद्दे

खनिज संपदा से भरपूर है अहिवारा विधानसभा लेकिन इसके बाद भी विकास की रफ्तार में पीछे नजर आती है…आइए देखते हैं कि क्या है अहिवारा के मुद्दे और समस्याएं ?

खनिज संपदा की धनी है दुर्ग की विधानसभा सीट अहिवारा…एक नहीं कई बड़े उद्योग हैं लेकिन फिर भी बेरोजगारी की मार झेल रहे हैं लोग…रोजगार देने के नाम पर किसानों की जमीन का अधिग्रहण तो किया गया लेकिन रोजगार नहीं मिला । तो वहीं किसान भी एक नहीं खई समस्याओं से परेशान है…चूना खदानों की वजह से किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है..नतीजा फसलें चौपट हो रही हैं..इसके अलावा उद्योगों से निकलने वाला प्रदूषित पानी शिवनाथ नदी में मिल रहा है। शहर से लेकर गांवों तक पेयजल संकट से भी जूझ रहे हैं लोग…इस इलाके में सड़कों की भी हालत भी खराब है…माइंस क्षेत्र से गुजरने वाले भारी वाहनो की वजह से नंदनी अहिवारा मुख्य मार्ग का तो बुरा हाल है।

स्वास्थ्य सुविधाएं भी क्षेत्र में दम तोड़ती दिखाई देती हैं …जामुल में अस्पताल की मांग लंबे समय से कि जाती रही है लेकिन अब तक कुछ नहीं हुआ….कहने को तो क्षेत्र में प्रदेश का पहला आईआईटी प्रस्तावित है लेकिन स्कूली शिक्षा का बुरा हाल है..स्थानीय खिलाड़ियों के खेल मैदान की मांग भी अब तक पूरी नहीं हो पाई है…ये वो समस्याएं हैं जिनसे जूझ रही है अहिवारा विधानसभा की जनता ।

 

वेब डेस्क, IBC24