महाराष्ट्र: चार जिलों में कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास

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महाराष्ट्र: चार जिलों में कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास

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  • Publish Date - January 2, 2021 / 10:18 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:33 PM IST

मुंबई, दो जनवरी (भाषा) महाराष्ट्र में कोविड-19 टीकाकरण अभियान के लिए की गई तैयारियों का आकलन करने के लिए राज्य के चार जिलों में शनिवार को टीकाकरण का पूर्वाभ्यास किया गया। वास्तविक टीकाकरण जल्द शुरू होने की उम्मीद है।

टीकाकरण का पूर्वाभ्यास नागपुर, जालना, पुणे और नंदूरबार जिलों में निर्दिष्ट स्वास्थ्य केंद्रों पर किया गया।

जिला प्रशासन ने विभिन्न कार्यों के लिए विशिष्ट टीमों का गठन किया था और डमी लाभार्थियों का डेटा अपलोड करना, स्थल निर्माण, टीका आवंटन, लाभार्थियों को टीकाकरण संबंधी जानकारी से अवगत कराना और लाभार्थियों को एकत्रित करना आदि जैसे कार्य किए जा रहे हैं।

महाराष्ट्र के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने अपने गृह जिले जालना में पत्रकारों को बताया कि राज्य आने वाले दिनों में वास्तविक कोविड-19 टीकाकरण के लिए तैयार है।

उन्होंने कहा, ‘‘वास्तविक टीकाकरण अभ्यास के लिए प्रणाली की तैयारियों को जांचने के उद्देश्य से टीकाकरण पूर्वाभ्यास चुनिंदा शहरों, कस्बों और गांवों में किया जा रहा है।’’

टोपे ने कहा कि वास्तविक सामूहिक टीकाकरण के पहले चरण के लिए लाभार्थियों का चयन चुनाव आयोग की मतदान प्रक्रिया पर आधारित होगा।

राज्य के स्वास्थ्य मंत्री ने कहा, ‘‘एकमात्र अपवाद यह होगा कि जिस व्यक्ति को एसएमएस मिलेगा, वही केवल (कोविड-19 टीकाकरण के लिए) आ सकता है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘पोलिंग बूथ की तरह, व्यक्ति को स्वास्थ्य केंद्र में प्रवेश करने से पहले पहचान पत्र दिखाना होगा। सत्यापन के बाद, टीका लगाया जाएगा और जिस व्यक्ति को टीका लगाया जाएगा उसे निगरानी (किसी भी प्रतिकूल प्रतिक्रिया) के लिए पास के विश्राम कक्ष में स्थानांतरित किया जाएगा।’’

उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्रों पर पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग-अलग कमरे बनाए जाएंगे।

टोपे ने कहा, ‘‘जिस व्यक्ति को कोविड-19 का टीका लगाया जाएगा उसकी निगरानी इन कमरों में डॉक्टरों या नर्सों द्वारा की जाएगी और यदि उसे कोई बेचैनी महसूस होती है या उस पर अन्य कोई प्रतिकूल असर होता है तो उसे चिकित्सा सहायता प्रदान की जाएगी। महाराष्ट्र अब लोगों के लिए (वास्तविक) टीकाकरण करने के लिए तैयार है।’’

शुक्रवार को, सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गेनाइजेशन (सीडीएससीओ) की कोविड-19 संबंधी विशेषज्ञ समिति ने सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया द्वारा निर्मित ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका टीके कोविशिल्ड के सीमित आपातकालीन उपयोग की अनुमति देने की सिफारिश की। इससे देश में पहले कोविड-19 टीके को अगले कुछ दिनों में पेश किये जाने का मार्ग प्रशस्त हो गया।

भाषा अमित मनीषा

मनीषा