रमन कैबिनेट के फैसले, ग्रामीणों को घर देने का फैसला, बनेगा ग्रामीण आवास निगम

Ads

रमन कैबिनेट के फैसले, ग्रामीणों को घर देने का फैसला, बनेगा ग्रामीण आवास निगम

  •  
  • Publish Date - January 29, 2018 / 04:06 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:35 PM IST

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की अध्यक्षता में आज शाम मुख्यमंत्री निवास में मंत्रिपरिषद की बैठक संपन्न हुई। प्रारंभ में प्रदेश के प्रथम राज्यपाल स्वर्गीय दिनेशनन्दन सहाय को विनम्र श्रद्धांजलि दी गई। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में मंत्रिपरिषद की सोमवार की बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार गरीबों के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना की व्यापकता को देखते हुए छत्तीसगढ़ में अलग से ग्रामीण आवास निगम बनाया जाएगा। वर्तमान में इस योजना के तहत एक कमरे के कच्चे मकान वाले परिवारों को पक्के मकान स्वीकृत किए जा रहे हैं।

पत्नी प्रसव पीड़ा से तड़प रही थी, पति ने मंत्री से मांगी मदद, फिर ये हुआ

केबिनेट ने इस योजना के तहत राज्य के चार नक्सल प्रभावित जिलों नारायणपुर, बीजापुर, सुकमा और दंतेवाड़ा में दो कमरों के कच्चे मकान वाले कुल 55 हजार 315 परिवारों को भी मकान स्वीकृत करने का निर्णय लिया। उल्लेखनीय है कि प्रदेश में वर्ष 2011 की सामाजिक-आर्थिक जनगणना के अनुसार एक कच्चे कमरे वाले मकानों में रहने वाले परिवारों की संख्या 9 लाख 58 हजार 745 और दो कच्चे कमरों वाले परिवारों की संख्या 9 लाख 07 हजार 601 हैं, जिन्हें आवास उपलब्ध कराया जाना है।

1 फरवरी को 100 लोगों के साथ डिनर करेंगे अजीत जोगी

प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के क्रियान्वयन के लिए छत्तीसगढ़ ग्रामीण आवास निगम का गठन किया जाए। योजना के तहत पूरे प्रदेश में वर्तमान वित्तीय वर्ष 2017-18 को मिलाकर वर्ष 2019-20 तक कुल 3427 करोड़ 28 लाख रूपए खर्च किए जाएंगे। इसके साथ ही मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य सरकार के वर्तमान वित्तीय वर्ष 2017-18 के चैथे अनुपूरक अनुमान को विधानसभा के आगामी सत्र में प्रस्तुत करने के लिए अनुमोदित किया गया। विधानसभा के बजट सत्र के लिए राज्यपाल के अभिभाषण का अनुमोदन भी केबिनेट की बैठक में किया गया।

 

 

 

वेब डेस्क, IBC24