लखनऊ, 24 अगस्त (भाषा) मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने सोमवार को कहा कि भारत के लगभग 97 करोड़ मतदाता मिलकर ‘दुनिया का सबसे बड़ा परिवार’ बनाते हैं और जब लोकसभा चुनाव होते हैं, तो भारत निर्वाचन आयोग धरती का सबसे बड़ा संगठन बन जाता है।
उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय द्वारा जारी एक बयान के मुताबिक, कुमार ने ये बातें लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में चुनाव साक्षरता क्लब (ईएलसी) 2.0 और ईसीआईनेट के क्षेत्रीय सम्मेलन में कहीं।
ज्ञानेश कुमार ने कहा, ”भारत में लगभग 97 करोड़ मतदाता हैं। इसका क्या मतलब है? यह सिर्फ़ एक संख्या नहीं है। क्या आप जानते हैं कि अलग-अलग देशों में मतदाताओं की आबादी के हिसाब से 97 करोड़ कितना होता है? अगर आप अमेरिका, कनाडा, दक्षिण अमेरिका, पूरे यूरोप, पूरे अफ्रीका और पूरे दक्षिण-पूर्व एशिया के मतदाताओं को भी जोड़ लें, तब भी यह भारत के मुकाबले आठ करोड़ कम रह जाती है। आप इतने बड़े लोकतंत्र का हिस्सा हैं। यह दुनिया का सबसे बड़ा परिवार है।”
कुमार ने कहा, ”क्या आप जानते हैं कि जब भारत का निर्वाचन आयोग (ईसीआई) लोकसभा चुनाव कराता है तो यह काम कितने बड़े पैमाने पर होता है? जब लोकसभा चुनाव होते हैं, तो भारत निर्वाचन आयोग धरती का सबसे बड़ा संगठन बन जाता है, जिसके साथ 1.8 करोड़ लोग काम करते हैं।”
उन्होंने कहा कि पारदर्शिता का इससे बड़ा कोई उदाहरण नहीं हो सकता।
कुमार ने उपस्थित लोगों से सवाल किया कि इन 1.8 करोड़ लोगों के साथ बातचीत या संपर्क कैसे होता है?
उन्होंने कहा, ”वे सभी ईसीआईनेट के जरिये जुड़े हुए हैं। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी, जिला निर्वाचन अधिकारी, उप जिलाधिकारी और बूथ स्तरीय अधिकारी (बीएलओ) से लेकर पीठासीन अधिकारी और मतगणना अधिकारी तक, हर कोई इस माध्यम से जुड़ा हुआ है।”
उन्होंने कहा कि भारत में ट्विटर (जिसे अब एक्स कहा जाता है) को ढाई करोड़ लोगों ने डाउनलोड किया है, लेकिन चार-पांच महीने पहले शुरू किया गया ईसीआईनेट इस साल के आखिर तक यह भारत का सबसे बड़ा ऐप बन जाना चाहिए, क्योंकि इसमें 1951—52 के लोकसभा चुनावों से लेकर अब तक की सारी जानकारी मौजूद है… चाहे वह किसी बूथ पर वोटिंग की संख्या हो, किसी उम्मीदवार को मिले वोट हों या हलफनामे हों।
भाषा सलीम आशीष सुरेश
सुरेश