Allahabad HC on Bareilly Violence: “सर तन से जुदा” नारा हिंसा के लिए उकसाने वाला.. ‘जो बोले सो निहाल सत श्री अकाल’ या ‘जय श्री राम’ से इसकी तुलना नहीं.. पढ़ें अदालत की टिप्पणी
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बरेली में सितंबर 2025 की हिंसा के मामले में आरोपी मौलाना तौकीर रजा खान की जमानत याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने प्रदर्शन के आह्वान और विवादित नारे को लेकर कड़ी टिप्पणी की।
Allahabad HC on Bareilly Violence || Image- ANI News File
- तौकीर रजा की जमानत याचिका हाईकोर्ट ने खारिज की
- प्रदर्शन और हिंसा को लेकर कोर्ट की टिप्पणी
- 'सर तन से जुदा' नारे पर अदालत सख्त
Allahabad HC on Bareilly Violence: प्रयागराज: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बरेली में सितंबर 2025 में हुई हिंसा के मामले में आरोपी मौलाना तौकीर रजा खान को जमानत देने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने कहा कि तौकीर रजा ने अपने धार्मिक और राजनीतिक हितों को साधने के लिए प्रदर्शन बुलाया था।
IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़े
सार्वजानिक सम्पत्तियों को पहुंचा नुकसान
जस्टिस आशुतोष श्रीवास्तव की पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि प्रदर्शन के लिए प्रशासन से इजाजत नहीं ली गई थी। कोर्ट ने यह दलील भी स्वीकार नहीं की कि इस्लामिया इंटर कॉलेज मैदान में सभा की अनुमति नहीं मिलने के बाद प्रदर्शन का आह्वान वापस ले लिया गया था। कोर्ट के मुताबिक, इसके बावजूद मार्च निकाला गया। पुलिस ने जब इसे रोकने की कोशिश की तो स्थिति बिगड़ गई और हिंसा के साथ पब्लिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया। हाईकोर्ट ने घटना के बाद दिए गए तौकीर रजा के भाषण पर भी टिप्पणी की।
‘सर तन से जुदा’ नारे पर कोर्ट की टिप्पणी
Allahabad HC on Bareilly Violence: मामले में लगाए गए ‘गुस्ताख-ए-नबी की एक ही सजा, सर तन से जुदा’ नारे को लेकर भी कोर्ट ने गंभीर टिप्पणी की। अदालत ने कहा कि यह नारा कानून के अधिकार को चुनौती देने के साथ भारत की संप्रभुता और अखंडता के खिलाफ जाता है। यह नारा लोगों को हिंसा के लिए उकसाने वाला है। कोर्ट ने कहा कि इस नारे की तुलना ‘नारा-ए-तकबीर, अल्लाहु अकबर’, ‘जो बोले सो निहाल सत श्री अकाल’, ‘जय श्री राम’ या ‘हर हर महादेव’ जैसे नारों से नहीं की जा सकती। अदालत के अनुसार, ये नारे संबंधित धर्म के भगवान या गुरु के प्रति सम्मान व्यक्त करते हैं।
IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे Instagram Page को Follow करें
1700 अज्ञात लोगों पर दर्ज हुई थी FIR
बरेली में प्रदर्शन के दौरान पुलिस और लोगों के बीच झड़प के बाद 25 नामजद और करीब 1,700 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। जांच के दौरान पुलिस ने अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया और अज्ञात लोगों की पहचान की। बता दें कि, तौकीर रजा घटना के समय मौके पर मौजूद नहीं थे। हालांकि उन्होंने मुस्लिम युवाओं के खिलाफ अत्याचार और झूठे मुकदमों के विरोध में प्रदर्शन का आह्वान किया था।
‘Sar tan se juda’ slogan incites people: Allahabad HC denies bail to Muslim cleric in Bareilly riot casehttps://t.co/GdvpAv41c6
— Bar and Bench (@barandbench) September 8, 2026
इन्हें भी पढ़ें:
नोटबुक विनिर्माताओं का सरकार से न्यूनतम आयात मूल्य लगाने का आग्रह, आसियान की खेप से नुकसान
पुणेः खेल कोटे के तहत सरकारी नौकरियों के लिए 1,000 से अधिक फर्जी प्रमाणपत्र बनाए, दो गिरफ्तार
खेलमंत्री मांडविया ने हॉकी विश्व कप में प्रदर्शन की समीक्षा बैठक में कहा, हार को भुलाकर आगे बढें
सरकार को एथनॉल-मिश्रित पेट्रोल कार्यक्रम में लचीला रुख अपनाने की जरूरत: इक्रियर रिपोर्ट
जीओसी ने लद्दाख में अग्रिम इलाकों का दौरा किया, अभियानगत तैयारियों की समीक्षा की

Facebook


