उत्तर प्रदेश में स्कूल परिवहन सुरक्षा समितियां बनाने और उन्हें सक्रिय करने का निर्देश

उत्तर प्रदेश में स्कूल परिवहन सुरक्षा समितियां बनाने और उन्हें सक्रिय करने का निर्देश

उत्तर प्रदेश में स्कूल परिवहन सुरक्षा समितियां बनाने और उन्हें सक्रिय करने का निर्देश
Modified Date: September 25, 2026 / 12:24 pm IST
Published Date: September 25, 2026 12:24 pm IST

लखनऊ, 25 सितंबर (भाषा) इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ ने प्रदेश सरकार से जिला स्कूल वाहन सुरक्षा समितियों की नियमित बैठकें सुनिश्चित करने और पूरे उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जिले में स्कूल परिवहन सुरक्षा समितियां गठित कर उन्हें सक्रिय करने का निर्देश दिया है।

न्यायमूर्ति आलोक माथुर और न्यायमूर्ति बृजराज सिंह की पीठ ने ‘गोमती रिवर बैंक रेजिडेंट्स एसोसिएशन’ के सचिव गिरिधर गोपाल द्वारा दायर एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए बृहस्पतिवार को यह निर्देश जारी किया।

अदालत ने मुख्य सचिव को यह सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने को कहा कि जिला स्कूल वाहन सुरक्षा समितियां नियमित तौर पर बैठक करें और स्कूलों में परिवहन सुरक्षा समितियों के गठन और कामकाज की निगरानी की जाए।

सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि उत्तर प्रदेश मोटर वाहन नियमों में स्कूली बच्चों का परिवहन करने वाले वाहनों के परिचालन के संबंध में विशेष प्रावधान हैं। इन नियमों के तहत स्कूली बच्चों को ले जाने वाले वाहनों को निर्धारित परमिट की आवश्यकता होती है।

अदालत को बताया गया कि स्कूल वैन को एक माता-पिता या माता-पिता के समूहों के साथ एक समझौता करने की आवश्यकता होती है। यह समझौता उस स्कूल द्वारा सक्षम अधिकारी को सौंपा जाता है जिसके आधार पर वाहन का परमिट जारी किया जाता है।

परिवहन आयुक्त ने अदालत को बताया कि ज्यादातर स्कूली वैन के पास नियमों के तहत जरूरी परमिट नहीं हैं।

भाषा सं राजेंद्र मनीषा

मनीषा


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