रामपुर, 29 मई (भाषा) समाजवादी पार्टी (सपा) के नेता मोहम्मद आजम खान के बेटे और पूर्व विधायक अब्दुल्ला आजम खान को दोहरे पासपोर्ट मामले में सत्र अदालत से राहत मिली है। छह माह पहले एक मजिस्ट्रेट अदालत ने इस मामले में उन्हें सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई थी।
अब्दुल्ला आजम खान के वकील नासिर सुल्तान के अनुसार, रामपुर स्थित सांसद-विधायक (एमपी-एमएलए) सत्र अदालत ने उनकी अपील स्वीकार करते हुए मजिस्ट्रेट अदालत के पांच दिसंबर, 2025 के आदेश को निरस्त कर दिया, जिसके तहत उन्हें 50 हजार रुपये के जुर्माने के साथ सात वर्ष की सजा सुनाई गई थी।
यह मामला भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता और नगर विधायक आकाश सक्सेना की शिकायत पर वर्ष 2019 में सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में दर्ज किया गया था। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि अब्दुल्ला आजम खान ने अलग-अलग जन्म तिथियों का उपयोग कर दो पासपोर्ट प्राप्त किए थे।
उनके वकील सुल्तान ने बताया कि विशेष न्यायाधीश (एमपी-एमएलए) डॉ. विजय कुमार ने अपील स्वीकार करते हुए निचली अदालत का आदेश रद्द कर दिया। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से अब्दुल्ला आजम खान को बड़ी राहत मिली है।
अब्दुल्ला आजम खान इस मामले में अकेले आरोपी थे।
गौरतलब है कि अब्दुल्ला आजम खान और उनके पिता मोहम्मद आजम खान को पूर्व में कथित तौर पर दो पैन कार्ड रखने के 2019 के एक अन्य मामले में भी दोषी ठहराया गया था। उस मामले में एमपी-एमएलए अदालत ने दोनों को नवंबर 2025 में सात-सात वर्ष की सजा सुनाई थी।
अब्दुल्ला आजम खान वर्तमान में रामपुर जेल में निरुद्ध हैं।
भाषा
सं, राजेंद्र रवि कांत