(फाइल फोटो के साथ)
लखनऊ, 12 जनवरी (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को स्वामी विवेकानंद की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने उस दौर में भारतीयता की आत्मा को जगाया जब वह सुप्त चेतना के कारण अपनी आत्म-जागरूकता को लगभग खो चुका था।
मुख्यमंत्री ने स्वामी विवेकानंद की जयंती के उपलक्ष्य में ‘राष्ट्रीय युवा दिवस’ के मौके पर यहां आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित किया।
उन्होंने कहा, ‘‘स्वामी विवेकानंद ने उस भारत का प्रतिनिधित्व किया, जो उस समय अपनी सुप्त चेतना के कारण आत्म-जागरूकता लगभग खो चुका था। अगर आप समझना चाहते हैं कि गुलामी का असली मतलब क्या होता है तो आप उस समय के भारत को देखकर इसके बारे में जान सकते हैं, जिसने अपनी आत्म-जागरूकता खो दी थी, जहां मुट्ठी भर विदेशी आक्रमणकारी देश को गुलाम बनाने में सफल हो गए थे।’’
आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘भारत को कुछ लोग लूट रहे थे। उसकी सभ्यता, संस्कृति और परंपराओं का अपमान किया जा रहा था। उस दौर में उस सुप्त चेतना को जगाने के लिए, भारत को उसकी भारतीय पहचान की आत्म-जागरूकता से जगाने के लिए जिस युवा संन्यासी ने अहम भूमिका निभाई, वह स्वामी विवेकानंद थे।”
नरेंद्र नाथ दत्त उर्फ स्वामी विवेकानंद का जन्म 12 जनवरी, 1863 को तत्कालीन कलकत्ता (अब कोलकाता) में हुआ था। उनकी जयंती को ‘राष्ट्रीय युवा दिवस’ के रूप में मनाया जाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वामी विवेकानंद की नरेंद्र से विवेकानंद तक की पूरी यात्रा एक आध्यात्मिक साधक से युग परिवर्तक बनने की यात्रा है। आदित्यनाथ ने कहा, ”उनका संदेश था लक्ष्य पर ध्यान, संकल्प में दृढ़ता और कर्म में निरंतरता। जब तक ये हासिल नहीं होते तब तक सफलता नहीं मिल सकती।”
आदित्यनाथ ने कहा कि गुलामी के दौर में जब भारत अपनी आत्म-जागरूकता से दूर हो गया था तब स्वामी विवेकानंद ने शिकागो में विश्व धर्म संसद (1893) में घोषणा की थी कि वह भारत की उस परंपरा से आते हैं जिसने हमेशा मानव कल्याण का मार्ग दिखाया है।
इससे पहले, मुख्यमंत्री ने ‘एक्स’ पर कहा, ”गर्व से कहो, हम हिंदू हैं। भारतीय ज्ञान-परंपरा के ध्वजवाहक, विश्व मंच पर सनातन संस्कृति को पुनर्स्थापित करने वाले राष्ट्रप्रेरक युवा संन्यासी स्वामी विवेकानंद जी की जयंती पर उन्हें कोटिशः नमन एवं ‘राष्ट्रीय युवा दिवस’ की सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।”
उन्होंने पोस्ट में लिखा, ”स्वामी जी के विचारों ने यह सिद्ध किया कि हिंदू धर्म मानवता के समग्र उत्कर्ष एवं कल्याण का सर्वोच्च मार्गदर्शक है। आइए, ‘राष्ट्रीय युवा दिवस’ पर उनके विचारों को जीवन में धारण कर राष्ट्र सेवा और समाज-उत्थान के संकल्प को और दृढ़ करें।”
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने भी स्वामी विवेकानंद को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने ‘एक्स’ पर कहा, ”स्वामी विवेकानंद जी के ओजस्वी विचार और राष्ट्रनिर्माण का आह्वान आज भी युवा शक्ति को सेवा, संकल्प और समर्पण के मार्ग पर अग्रसर करता है।”
उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने स्वामी विवेकानंद को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए ‘एक्स’ पर कहा, ”भारत के ज्ञान, संस्कृति व दर्शन को विश्वभर में दिग्विजय कराने वाले स्वामी विवेकानंद जी की जयंती पर उन्हें कोटि-कोटि नमन! देश के समस्त युवाओं को राष्ट्रीय युवा दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं।”
भाषा सलीम मनीषा आशीष
आशीष