उप्र : नाबालिग से दुष्कर्म के तीन दोषियों को 20-20 साल का कारावास

उप्र : नाबालिग से दुष्कर्म के तीन दोषियों को 20-20 साल का कारावास

उप्र : नाबालिग से दुष्कर्म के तीन दोषियों को 20-20 साल का कारावास
Modified Date: December 10, 2022 / 01:59 pm IST
Published Date: December 10, 2022 1:59 pm IST

बहराइच, 10 दिसंबर (भाषा) उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में एक नाबालिग के साथ नौ साल पहले हुए दुष्कर्म के मामले में विशेष अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने तीन दोषियों को 20-20 साल के सश्रम कारावास और एक-एक लाख जुर्माने की सजा सुनाई है।

विशेष अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (पॉक्सो अधिनियम) संत प्रताप सिंह ने शनिवार को बताया कि जनवरी 2014 में जरवल रोड थाना क्षेत्र के एक गांव के रहने वाले व्यक्ति ने बाराबंकी निवासी तीन युवकों के खिलाफ अपनी 15 वर्षीय बहन को बहला-फुसलाकर अगवा करने की शिकायत दर्ज कराई थी।

सिंह के मुताबिक, बाद में पुलिस ने किशोरी को बरामद कर धारा-164 के तहत अदालत में दिए उसके बयान के आधार पर मामले में दुष्कर्म और यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की प्रासंगिक धाराएं भी जोड़ दी थीं। धारा-164 के तहत पीड़ित द्वारा अदालत में बंद कमरे में पुलिस व अधिवक्ताओं की गैर-मौजूदगी में बयान दिया जाता है।

अभियोजन पक्ष के अनुसार, शुक्रवार को बहराइच स्थित पॉक्सो अदालत के अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश वरुण मोहित निगम ने अपराध में शामिल कमलेश, राजू और शिवपाल को 20-20 साल के सश्रम कारावास और एक-एक लाख रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। अभियोजकों ने बताया कि जुर्माने की रकम अदा न करने पर दोषियों को एक-एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

भाषा

सं जफर नेत्रपाल पारुल

पारुल


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