मुरादाबाद, 10 सितंबर (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के भोजपुर क्षेत्र में बृहस्पतिवार को तीन मंजिला मकान ढहने से 42 वर्षीय एक महिला की मौत हो गई। अधिकारियों ने घटना की वजह लंबे समय से हो रहे जलभराव और नींव कमजोर होने की आशंका जताई है।
अधिकारियों के मुताबिक यह घटना अक्का भीकनपुर गांव में हुई। हादसे के समय गुलाबो नामक महिला घर में अकेली थीं। मकान ढहने के बाद वह मलबे में दब गईं, जिन्हें पुलिस और ग्रामीणों ने बाहर निकाला।
अधिकारियों ने बताया कि महिला को एंबुलेंस से अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उन्होंने बताया कि महिला के पति कासिम, जो राजमिस्त्री हैं, समेत परिवार के अन्य सदस्य घटना के समय घर पर मौजूद नहीं थे।
ग्रामीणों के अनुसार, यह क्षेत्र बाढ़ प्रभावित इलाका है और लगातार बारिश के कारण घर के तीनों ओर पानी जमा हो गया था। बाहरी इलाकों के कई घरों में करीब एक महीने से जलभराव की समस्या बनी हुई है।
अधिकारियों ने बताया कि लंबे समय से जलभराव के कारण नींव कमजोर होने से मकान गिरने की आशंका है, हालांकि घटना के वास्तविक कारण का अभी पता नहीं चल सका है और पुलिस मामले की जांच कर रही है। यह घटना मुरादाबाद के मुगलपुरा क्षेत्र में तीन मंजिला मकान गिरने के कुछ दिन बाद हुई है।
मुरादाबाद नगर निगम ने जर्जर भवनों का सर्वे शुरू कर दिया है और 35 से अधिक भवन मालिकों को नोटिस जारी कर असुरक्षित भवनों की मरम्मत कराने या उन्हें ध्वस्त करने के निर्देश दिए हैं।
नगर निगम की टीमें जर्जर भवनों की पहचान कर उन्हें खाली करा रही हैं और असुरक्षित इमारतों के आसपास बैरिकेडिंग कर रही हैं। अधिकारियों के अनुसार, अब तक तीन भवनों को सील किया गया है, जबकि एक जर्जर इमारत पहले ही गिर चुकी है।
अपर नगर आयुक्त अजीत कुमार सिंह ने बताया कि भवन मालिकों को असुरक्षित इमारतों की मरम्मत कराने या उन्हें ध्वस्त कर दोबारा निर्माण कराने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘ यदि तय समय सीमा के भीतर भवनों को ध्वस्त नहीं किया गया तो नगर निगम खुद कार्रवाई करेगा और इसका खर्च भवन मालिकों से वसूला जाएगा। ’’
भाषा
सं, जफर रवि कांत