वित्तीय सहायता में कटौती के बाद कम से कम 10 लाख महिलाओं को मदद मिलनी बंद हो गई : संरा

वित्तीय सहायता में कटौती के बाद कम से कम 10 लाख महिलाओं को मदद मिलनी बंद हो गई : संरा

वित्तीय सहायता में कटौती के बाद कम से कम 10 लाख महिलाओं को मदद मिलनी बंद हो गई : संरा
Modified Date: July 10, 2026 / 04:51 pm IST
Published Date: July 10, 2026 4:51 pm IST

जिनेवा, 10 जुलाई (एपी) महिलाओं के लिए काम करने वाली संयुक्त राष्ट्र की एक एजेंसी ने शुक्रवार को कहा कि पिछले 18 महीनों में बजट में कटौती के कारण कम से कम 10 लाख महिलाओं को मानवीय और अन्य जरूरी मदद नहीं मिल पा रही है।

एजेंसी ‘यूएन वीमेन’ का कहना है कि सर्वेक्षण में शामिल 84 प्रतिशत महिला संगठनों ने बताया है कि जनवरी 2025 से उनकी जरूरतें बढ़ गई हैं। इसी समय अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप ने सत्ता संभाली थी और विदेशी मदद में कटौती शुरू की थी। अमेरिका संयुक्त राष्ट्र को सबसे ज्यादा वित्तीय सहायता देने वाला देश है।

एजेंसी की शीर्ष अधिकारी सोफिया कॉलटॉर्प ने कहा, ‘‘महिलाओं के संगठनों से वापस लिया गया हर डॉलर, यौन हिंसा की शिकार महिलाओं, विस्थापित माताओं, स्कूल छोड़ने पर मजबूर लड़कियों और जीवित रहने के लिए संघर्ष कर रहे समुदायों से वापस लिया गया डॉलर है।’’

सर्वेक्षण में शामिल लगभग 90 प्रतिशत महिला समूहों ने कहा कि वे अब जरूरत के मौजूदा स्तर को पूरा नहीं कर सकते, और हर पांच में से एक समूह ने कहा कि उन्हें आशंका है कि वे अगले साल कुछ समय के लिए या हमेशा के लिए कामकाज बंद कर देंगे।

जिनेवा में पत्रकारों से बात करते हुए कॉलटॉर्प ने कहा, ‘‘यूएन वीमेन ने 52 देशों में काम कर रहे 855 महिला संगठनों से बात की है। उन्होंने हमें बताया है कि वित्तीय सहायता में कटौती की वजह से प्रभावित महिलाओं और लड़कियों को आवश्यक मदद नहीं मिल पाई, क्योंकि इस कटौती से उनके संगठन खत्म हो रहे हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘हम जानते हैं कि कम से कम 10 लाख महिलाओं और लड़कियों की यह संख्या तो बस एक छोटी सी झलक है।’’

एपी शफीक नरेश

नरेश


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