दुबई: ईरान में देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों के दौरान मारे गए लोगों की संख्या मंगलवार को बढ़कर कम से कम 2,003 हो गई। यह जानकारी सामाजिक कार्यकर्ताओं ने दी। (Iran Protests update) कार्यकर्ताओं ने कहा कि अधिकारियों द्वारा दमनकारी कार्रवाई के दौरान संचार व्यवस्था ठप कर दिए जाने के बाद ईरानियों ने कई दिनों में पहली बार विदेश में फोन कॉल किए।
अमेरिका स्थित ‘ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी’ की रिपोर्ट के अनुसार, मृतकों की संख्या दशकों के दौरान ईरान में हुए किसी अन्य विरोध या अशांति की तुलना में कहीं अधिक है और यह देश में वर्ष 1979 की इस्लामी क्रांति के दौरान फैली अराजकता की याद दिलाती है।
ईरान की खराब अर्थव्यवस्था के प्रति आक्रोश के कारण दो सप्ताह पहले शुरू हुए इन प्रदर्शनों ने जल्द ही धर्मतंत्र, विशेष रूप से 86 वर्षीय सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को निशाना बनाया। (Iran Protests Death toll) मंगलवार को तेहरान में हुए प्रदर्शनों से जुड़ी ‘एपी’ की तस्वीरों में खामेनेई की मौत की मांग करने वाले दीवार पर लिखे नारे दिखाई दे रहे हैं, यह कुछ ऐसा है जिसके लिए वहां मौत की सजा हो सकती है।
मृतकों की नई संख्या सार्वजनिक होते ही,अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया मंच ‘ट्रुथ सोशल’ पर लिखा, ‘‘ईरानी देशभक्तों, विरोध जारी रखो – अपनी संस्थाओं पर कब्जा करो!’’ उन्होंने कहा, “प्रदर्शनकारियों की इस निरर्थक हत्या के रुकने तक मैंने ईरानी अधिकारियों के साथ सभी बैठकें रद्द कर दी हैं। (Iran Protests Death toll) मदद भेजी जा रही है।” ट्रंप ने कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कतर द्वारा वित्तपोषित सैटेलाइट समाचार नेटवर्क अल जजीरा के सोमवार रात प्रसारित एक साक्षात्कार में कहा कि वह अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ के साथ लगातार संपर्क में हैं। (Iran Protests Death toll) अराघची ने कहा, ‘विरोध प्रदर्शनों से पहले और बाद में भी संवाद जारी रहा और अब भी जारी है।’ हालांकि, ‘वाशिंगटन के हमारे देश के खिलाफ प्रस्तावित विचार और धमकियां असंगत हैं।’ ट्रंप की हालिया ऑनलाइन टिप्पणियों पर उनकी तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं थी।
कार्यकर्ता समूह ने बताया कि मृतकों में से 1,850 प्रदर्शनकारी थे और 135 सरकार से जुड़े हुए लोग थे। (Iran Protests Death toll) समूह ने यह भी बताया कि नौ बच्चे मारे गए, साथ ही नौ ऐसे नागरिक भी मारे गए जो प्रदर्शन में भाग नहीं ले रहे थे। समूह ने कहा कि 16,700 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया है।
ईरान में इंटरनेट ठप होने के कारण विदेशों से प्रदर्शनों का जायजा लेना और भी मुश्किल हो गया है। ‘एपी’ स्वतंत्र रूप से हताहतों की संख्या का आकलन करने में असमर्थ रहा है। ईरान सरकार ने हताहतों की कुल संख्या जारी नहीं की है।‘ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी’ की स्काइलर थॉम्पसन ने ‘एपी’ को बताया कि मरने वालों की नई संख्या चौंकाने वाली है।