पाकिस्तानी सेना ने जनरल द्विवेदी की टिप्पणियों की आलोचना की

पाकिस्तानी सेना ने जनरल द्विवेदी की टिप्पणियों की आलोचना की

पाकिस्तानी सेना ने जनरल द्विवेदी की टिप्पणियों की आलोचना की
Modified Date: May 17, 2026 / 12:35 pm IST
Published Date: May 17, 2026 12:35 pm IST

(सज्जाद हुसैन)

इस्लामाबाद, 17 मई (भाषा) पाकिस्तान की सेना ने भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी की हालिया टिप्पणियों की रविवार को आलोचना करते हुए भारत से शांतिपूर्ण ‘‘सह-अस्तित्व’’ सीखने का आग्रह किया।

जनरल द्विवेदी ने शनिवार को कहा था कि अगर पाकिस्तान आतंकवादियों को पनाह देना और भारत के खिलाफ कार्रवाई करना जारी रखता है तो उसे यह तय करना होगा कि ‘‘वह भूगोल का हिस्सा बने रहना चाहता है या इतिहास का।’’

जनरल द्विवेदी की टिप्पणियों को ‘‘भड़काऊ’’ बताते हुए पाकिस्तानी सेना ने कहा कि परमाणु शक्ति वाले जिम्मेदार देश संयम, परिपक्वता और रणनीतिक सूझबूझ का परिचय देते हैं।

पाकिस्तानी सेना ने एक बयान में कहा, ‘‘एक संप्रभु परमाणु सम्पन्न पड़ोसी को ‘भूगोल’ से मिटा देने की धमकी देना रणनीतिक संकेत या जोखिम भरा कदम नहीं है; यह सिर्फ बौद्धिक क्षमता के दिवालियापन को दर्शाता है…।’’

उसने कहा, ‘‘भारत को पाकिस्तान के महत्व को स्वीकार करना चाहिए और उसके साथ शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व बनाए रखना सीखना चाहिए।’’

उसने कहा, ‘‘पाकिस्तान को निशाना बनाने का कोई भी प्रयास ऐसे परिणाम उत्पन्न कर सकता है जो न तो भौगोलिक रूप से सीमित होंगे और न ही रणनीतिक या राजनीतिक रूप से भारत के लिए स्वीकार्य होंगे।’’

पिछले साल मई में हुए चार दिवसीय संघर्ष को याद करते हुए पाकिस्तानी सेना ने कहा कि भारतीय नेतृत्व को ‘‘दक्षिण एशिया को एक और संकट या युद्ध की ओर धकेलने का प्रयास नहीं करना चाहिए जिसके परिणाम पूरे क्षेत्र और उससे इतर विनाशकारी हो सकते हैं।’’

पहलगाम आतंकी हमले में 26 लोगों के मारे जाने के बाद भारत ने पिछले साल छह मई की रात को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। इस दौरान भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में स्थित नौ आतंकी ठिकानों पर हवाई हमले किए थे, जिसमें कम से कम 100 आतंकवादी मारे गए थे।

इस कार्रवाई से तनाव में तेजी से बढ़ गया था और पाकिस्तान ने जवाबी हमले किए थे। हालांकि पाकिस्तान के अधिकतर हमलों को भारतीय सेना ने नाकाम कर दिया था।

दोनों पक्षों के सैन्य अधिकारियों के बीच ‘हॉटलाइन’ पर हुई बातचीत के बाद 10 मई को सैन्य कार्रवाई रोकने पर सहमति बनी थी।

भाषा सुरभि अमित

अमित


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