पाकिस्तान : खराब मौसम के बीच बचाव टीमें पर्वतारोहियों के अवशेष खोजने में जुटीं
पाकिस्तान : खराब मौसम के बीच बचाव टीमें पर्वतारोहियों के अवशेष खोजने में जुटीं
इस्लामाबाद, चार अगस्त (भाषा) काराकोरम पर्वतमाला पर पिछले हफ्ते हिमस्खलन की चपेट में आए 10 सदस्यीय पर्वतारोहण दल के अंतिम दो लापता सदस्यों के शवों की तलाश के लिए बचाव दलों ने मंगलवार को पैदल ही अभियान जारी रखा। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि खराब मौसम के कारण हेलीकॉप्टर इस अभियान में शामिल नहीं हो सके।
इस पर्वतारोहण दल में नेपाल के छह और पाकिस्तान, ओमान, अमेरिका तथा चीन के एक-एक पर्वतारोही शामिल थे।
यह दल बृहस्पतिवार को काराकोरम पर्वतमाला में लगभग 7,000 मीटर की ऊंचाई पर स्थित ‘ब्रॉड पीक’ पर चढ़ाई के दौरान हिमस्खलन की चपेट में आने के बाद लापता हो गया था।
‘पाकिस्तान अल्पाइन क्लब’ (एसीपी) के मुताबिक, बचाव दल अब तक आठ पर्वतारोहियों के शव बरामद कर चुके हैं।
क्लब ने बताया कि पाकिस्तान के पर्वतारोही सोहैल साखी और नेपाली पर्वतारोही नांगवांग थिंदु शेरपा के अवशेषों की तलाश जारी है।
क्लब के अनुसार, प्रतिकूल मौसम के कारण हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल संभव नहीं हो सका, जिसके बाद बचाव दलों ने मंगलवार को पैदल ही तलाश अभियान जारी रखा।
एसीपी ने कहा, ‘‘हेलीकॉप्टर तैयार हैं, लेकिन खराब मौसम के कारण उन्हें उड़ान भरने की अनुमति नहीं मिल सकी।’’
क्लब ने बताया कि अधिक ऊंचाई और दुर्गम पर्वतीय क्षेत्र के कारण तलाश अभियान बेहद चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
एक बयान के मुताबिक, काराकोरम पर्वतमाला में के2 के पास स्थित 8,051 मीटर ऊंचा ‘ब्रॉड पीक’ दुनिया का 12वां सबसे ऊंचा पर्वत है। इसे पाकिस्तान की सबसे कठिन पर्वत चोटियों में से एक माना जाता है।
पाकिस्तान के उपप्रधानमंत्री एवं विदेश मंत्री इशाक डार ने इस हादसे पर शोक जताते हुए मृतकों के परिजन तथा चीन, नेपाल, ओमान, ब्रिटेन और अमेरिका की सरकारों एवं नागरिकों के प्रति संवेदना प्रकट की।
डार ने मंगलवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘हम अपने एक साथी, हुंजा के पाकिस्तानी पर्वतारोही सोहैल साखी के निधन पर भी शोक व्यक्त करते हैं। उनका साहस और ऊंचे पर्वतों के प्रति उनका अटूट जुनून हमेशा गर्व के साथ याद किया जाएगा।’’
मंत्री ने कहा कि पर्वतारोहियों ने अपने दृढ़ संकल्प और उत्कृष्टता हासिल करने के जज्बे से पर्वतारोहण की वास्तविक भावना का परिचय दिया है तथा उनका यह साहस आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा।
डार ने बेहद प्रतिकूल और अधिक ऊंचाई वाले दुर्गम क्षेत्र में अभियान चला रहे बचावकर्मियों के प्रयासों की भी सराहना की।
बचाव दल ने शुक्रवार को चार शव बरामद किए थे। इसके बाद रविवार तड़के एक शव मिला, जबकि तीन अन्य शव बाद में बरामद किए गए।
मृतकों की पहचान नेपाल मूल के ब्रिटिश पर्वतारोही निर्मल पुर्जा, नेपाल के पुर बहादुर गुरुंग, किली पेंबा शेरपा, नीमा शेरपा व ग्यालू शेरपा, ओमान की नादिरा अहमद अब्दुल्ला अल हार्थी, अमेरिका की मैलोरी गीस और चीन के वांग झोंग के रूप में हुई है।
शनिवार को पुर्जा की पर्वतारोहण कंपनी ‘एलीट एक्सपेड’ ने घोषणा की थी कि अभियान में शामिल सभी सदस्यों की मौत हो गई है।
भाषा जितेंद्र पारुल
पारुल

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