बठिंडा, 24 जून (भाषा) पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बुधवार को कहा कि 15 अगस्त से गांव के सरपंचों का मासिक मानदेय 2,000 रुपये से बढ़ाकर 10,000 रुपये कर दिया जाएगा।
‘सरपंच मिलनी’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मान ने कहा कि पंचायतें लोकतंत्र की नींव हैं और सरपंच अपने गांवों की भलाई के लिए दिन-रात काम करते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बढ़ा हुआ मानदेय उन्हें अपने परिवारों का भरण-पोषण करने में मदद करेगा और साथ ही उन्हें गांव के विकास के लिए और अधिक निष्ठा के साथ काम करने के लिए प्रेरित करेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकारें सरपंचों से किए गए वादे पूरे करने में नाकाम रही थीं, लेकिन उनकी सरकार ने मानदेय का भुगतान सुनिश्चित किया और अब इसे पांच गुना बढ़ा रही है।
ग्रामीण विकास के महत्व पर जोर देते हुए मान ने कहा कि पंजाब की तरक्की के लिए गांवों की तरक्की ज़रूरी है। उन्होंने सरपंचों को भरोसा दिलाया कि विकास कार्यों के लिए कोष की कोई कमी नहीं होगी और उनसे सरकारी धन का पारदर्शी तरीके से इस्तेमाल सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने कहा कि पंचायती राज संस्थाएं ज़मीनी स्तर पर सरकार की कल्याणकारी और विकास योजनाओं को लागू करने में अहम भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कहा कि नीतियां तो सरकार बनाती है, लेकिन सरपंच और पंच उनके असरदार ढंग से लागू होने को सुनिश्चित करते हैं।
मुख्यमंत्री ने गांवों को नशा-मुक्त बनाने और आपसी भाईचारे, शांति और सद्भाव को मजबूत करने पर ध्यान देने का भी आग्रह किया।
भाषा आशीष माधव
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