ट्रंप का दावा ईरान के राष्ट्रपति चाहते हैं युद्धविराम, तेहरान ने टिप्पणियों को निराधार बताया

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ट्रंप का दावा ईरान के राष्ट्रपति चाहते हैं युद्धविराम, तेहरान ने टिप्पणियों को निराधार बताया

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  • Publish Date - April 1, 2026 / 08:21 PM IST,
    Updated On - April 1, 2026 / 08:21 PM IST

दुबई, एक अप्रैल (एपी) अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को दावा किया कि उनके अमेरिकी जनता को संबोधित करने से पहले ईरान के राष्ट्रपति युद्धविराम चाहते हैं। ईरान की तरफ से हालांकि ट्रंप की टिप्पणियों को ‘झूठा और निराधार’ बताया गया है।

इससे पहले ईरान ने कतर के तट के पास एक तेल टैंकर और कुवैत के हवाई अड्डे को निशाना बनाया, जबकि तेहरान में हवाई हमले जारी रहे।

ट्रंप ने यह युद्धविराम के अनुरोध वाला दावा अपनी ‘ट्रुथ सोशल’ वेबसाइट पर किया। ट्रंप ने ‘‘ईरान के नये शासन के राष्ट्रपति’’ शब्द का इस्तेमाल किया। हालांकि ईरान में राष्ट्रपति बदले नहीं हैं।

ट्रंप ने यह भी कहा कि युद्धविराम तभी होगा जब होर्मुज जलडमरूमध्य “खुला, सुरक्षित और बाधारहित’’ होगा। उन्होंने लिखा, ‘‘तब तक हम ईरान को पूरी तरह तबाह कर रहे हैं, या जैसा लोग कहते हैं, उसे वापस पाषाण युग में भेज रहे हैं।’’

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघेई ने तेहरान द्वारा कथित तौर पर युद्धविराम की मांग करने के संबंध में ट्रंप की टिप्पणियों को ‘झूठा और निराधार’ करार दिया है।

इसके अलावा, ईरान के अर्धसैनिक रिवोल्यूशनरी गार्ड ने अलग से एक बयान जारी कर कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य पर उसकी सेनाओं का “पूरी तरह से और निर्णायक नियंत्रण” है।

इसमें आगे कहा गया, “अमेरिका के राष्ट्रपति द्वारा किए जा रहे हास्यास्पद तमाशे के माध्यम से इस जलडमरूमध्य को इस राष्ट्र के शत्रुओं के लिए नहीं खोला जाएगा।”

ट्रंप आज राष्ट्र को संबोधित करने वाले हैं। उन्होंने कहा कि अगर उन्हें विश्वास हो जाता है कि ईरान परमाणु हथियार नहीं बना पाएगा, तो वह दो से तीन सप्ताह में युद्ध से पीछे हट सकते हैं – भले ही तेहरान युद्धविराम के लिए सहमत न हो।

बुधवार को कतर के तट के निकट एक क्रूज मिसाइल तेल टैंकर से टकरा गई। सरकारी स्वामित्व वाली कतर एनर्जी द्वारा अनुबंधित इस टैंकर के 21 सदस्यीय चालक दल को सुरक्षित निकाल लिया गया और किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है। रक्षा मंत्रालय ने यह जानकारी दी।

एक दिन पहले दुबई के तट पर कुवैत के एक तेल से भरे टैंकर पर हमला हुआ था। यह उन 20 से अधिक जहाजों में से एक था जिन पर ईरान ने युद्ध के दौरान हमला किया था।

संयुक्त अरब अमीरात में, देश के सात अमीरातों में से एक फुजैराह में एक ड्रोन के मलबे की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई।

बहरीन ने मिसाइलों के आने की आशंका को लेकर दो बार अलर्ट जारी किया, जबकि कुवैत की सरकारी समाचार एजेंसी केयूएनए ने बताया कि एक ड्रोन ने कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक ईंधन टैंक को निशाना बनाया जिससे भीषण आग लग गई।

इसी बीच, तेहरान पर हुए हवाई हमले में पूर्व अमेरिकी दूतावास परिसर को निशाना बनाया गया प्रतीत होता है, जिस पर 1979 में अमेरिकी राजनयिकों को बंधक बनाए जाने के बाद से ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड का नियंत्रण है।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि विशाल परिसर के बाहर की इमारतों की खिड़कियां टूट गईं और ऐसा प्रतीत होता है कि हमला चारदीवारी वाले परिसर के अंदर हुआ।

इजराइल ने यह भी कहा कि उसने ईरान में फेंटानिल (एक कृत्रिम ओपिओइड) का उत्पादन करने वाले एक संयंत्र को निशाना बनाया। हाल के वर्षों में इजरायल और संयुक्त राज्य अमेरिका ने आरोप लगाया है कि ईरान रासायनिक हथियारों में फेंटानिल का उपयोग करने का प्रयोग कर रहा था।

एपी प्रशांत नरेश

नरेश