एआई के विकास रोकने की जरूरत को ट्रंप ने खारिज किया, कहा- चीन से पीछे रहना मंजूर नहीं

एआई के विकास रोकने की जरूरत को ट्रंप ने खारिज किया, कहा- चीन से पीछे रहना मंजूर नहीं

एआई के विकास रोकने की जरूरत को ट्रंप ने खारिज किया, कहा- चीन से पीछे रहना मंजूर नहीं
Modified Date: September 14, 2026 / 10:20 am IST
Published Date: September 14, 2026 10:20 am IST

डबलिन, 14 सितंबर (भाषा) अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कृत्रिम मेधा (एआई) के विकास पर किसी भी तरह की रोक लगाने की जरूरत को खारिज करते हुए कहा कि उन्हें वैश्विक प्रतिस्पर्धा में चीन के सामने अमेरिका की साख खोने की चिंता है और एआई की इस दौड़ को जीतने से ही इसके जोखिमों से निपटने में मदद मिलेगी।

ट्रंप ने कुछ हद तक नियम बनाने की जरूरत को स्वीकार तो किया, लेकिन किसी संभावित नियम का कोई ब्योरा नहीं दिया।

एआई प्रौद्योगिकी के तेजी से बढ़ने और निगरानी की कमी को लेकर दी जा रही चेतावनियों को उन्होंने ‘‘नकारात्मक सोच’’ का नतीजा बताया, जबकि उद्योग से जुड़े प्रमुख विशेषज्ञ खुद ऐसी चिंताएं जता चुके हैं।

आयरलैंड यात्रा के दौरान संवाददाताओं से बातचीत में ट्रंप ने कहा, ‘‘(एआई को लेकर) हम कड़े कदम उठा सकते हैं… लेकिन मुझे लगता है कि बहुत सी नकारात्मक सोच इस मुद्दे पर बेवजह चिंता जता रही है। वे ऐसी बातें कर रहे हैं जो कभी होंगी ही नहीं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘जो भी एआई की इस दौड़ को जीतेगा, वही शीर्ष पर रहेगा।’’

राष्ट्रपति का यह बयान एआई प्रौद्योगिकी कंपनी ‘एंथ्रोपिक’ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) डारियो अमोदेई के उस सुझाव के बाद आया है, जिसमें उन्होंने सुरक्षा उपायों को मजबूत करने के लिए एआई के विकास की रफ्तार को धीमा करने की वकालत की थी।

ओपनएआई के सीईओ सैम ऑल्टमैन और एलन मस्क सहित प्रौद्योगिकी जगत की अन्य हस्तियों ने भी अमोदेई के इस विचार का समर्थन किया था।

जब पत्रकार ने ट्रंप से पूछा कि क्या इस उद्योग की रफ्तार धीमी की जानी चाहिए या इस पर नियम बनने चाहिए, तो उन्होंने कहा कि अमेरिका एआई के विकास में चीन से आगे है।

उन्होंने स्पष्ट किया, ‘‘मैं इस बढ़त को बनाए रखना चाहता हूं, क्योंकि जो एआई जीतेगा, वही सब कुछ जीतेगा।’’

चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग इस महीने के अंत में व्हाइट हाउस में ट्रंप से मुलाकात करने वाले हैं, और दोनों नेताओं के बीच एआई प्रमुख मुद्दा रह सकता है।

अमेरिका में एआई चुनावी वर्ष में एक बड़ा मुद्दा बन गया है। देश की प्रमुख कंपनियां छोटे शहरों में ‘डेटा सेंटर’ का नेटवर्क खड़ा कर रही हैं, वहीं लोग कृषि योग्य भूमि, पानी की आपूर्ति में कमी और बिजली के बढ़ते बिलों को लेकर चिंता जता रहे हैं।

रिपब्लिकन एवं डेमोक्रेटिक दोनों दलों के नेताओं द्वारा इनसे दूरी बनाने और कई समुदायों द्वारा इन पर रोक लगाने के प्रयासों के बावजूद ट्रंप डेटा सेंटर का लगातार समर्थन कर रहे हैं।

दूसरी ओर, पूर्व राष्ट्रपति एवं डेमोक्रेटिक पार्टी के सदस्य बराक ओबामा ने कहा कि उनकी पार्टी को एआई को प्रमुख चुनावी मुद्दा बनाना चाहिए। ओबामा ने पिछले सप्ताह कहा था कि सुरक्षा, बच्चों और रोजगार पर संभावित एआई के प्रतिकूल प्रभावों से निपटने के लिए पार्टी को एक स्पष्ट योजना जनता के सामने रखनी चाहिए।

एपी खारी रंजन

रंजन


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