Chunavi Chaupal in Bada Malhera
छतरपुरः Chunavi Chaupal in Bada Malhera छत्तीसगढ़ और मध्यप्रदेश में अब विधानसभा चुनाव होने में महज कुछ ही महीने बाकी है। सभी नेता अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय हो गए हैं। लिहाजा अब दोनों राज्यों की सियासत भी गर्म होने लगी है। वहीं दूसरी ओर स्थानीय जनप्रतिनिधि और विधायक अपने-अपने क्षेत्र के दौरे पर जा रहे हैं और मतदताओं को रिझाने की कोशिश कर रहे हैं। इस चुनावी साल में विधायकों के प्रदर्शन और क्षेत्र में हुए विकास कार्यों की बात भी जरूरी है। इसलिए हम चुनावी चौपाल कार्यक्रम के जरिए आपके बीच आ रहे हैं। आज हम पहुंचे हैं मध्यप्रदेश के बड़ा मलहरा विधानसभा सीट पर…
Chunavi Chaupal in Bada Malhera छतरपुर जिले की बड़ा मलहरा विधानसभा सीट मध्यप्रदेश की महत्वपूर्ण सीटों में से एक है। इस सीट पर करीब 2 लाख मतदाता है जिनमें पिछड़े वर्ग की आबादी सबसे ज्यादा है। लोधी, राजपूत और यादव समुदाय के समर्थन के बगैर इस सीट पर सीट मुमकिन नहीं है।
खास बात यह है कि जब 2003 में पहली बार उमा भारती मध्य प्रदेश की मुख्यमंत्री बनीं तब वह मलहरा सीट से ही विधायक चुनी गईं थीं। हालांकि उनका कार्यकाल काफी छोटा रहा और आठ महीने बाद ही उन्हें सीएम की कुर्सी छोड़नी पड़ी। इस सीट से उनके भाई स्वामी प्रसाद भी विधायक रहे चुके हैं।
2018 विधानसभा चुनाव में भी इस सीट से कांग्रेस के प्रद्युम्न सिंह लोधी ने जीत दर्ज किया था। लेकिन बाद में वे बीजेपी छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो गए थे। जिसकी वजह से यह सीट खाली हो गई थी। 2020 के उपचुनाव में उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी रामसिया भारती को 17 हजार 547 मतों के अंतर से पराजित किया था।
हमने यहां के स्थानीय मतदाताओं के यहां के विकास, बुनियादी सुविधाओं सहित अन्य मुद्दों को लेकर बात की। बातचीत के दौरान इन मुद्दों को लेकर मिलाजुला रिस्पॉस मिला। स्थानीय वरिष्ठ मतदाता ने कहा कि बिजली, पानी और सड़क का यहा बुराहाल है। इससे जनता को भारी परेशानी होती है।
ओलावृष्टि से प्रभावित एक किसान अपना दुखड़ा सुनाते हुए कहा कि ओलावृष्टि के चलते गेहूं की फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई। किसान खुद के खाने के लिए दुकान से खरीद रही है। उन्होंने सरकार ने जल्द मुआवजा देने की मांग की है। एक वरिष्ठ मतदाता ने कहा कि जनप्रतिनिधि लाख वादे करके चले गए लेकिन अभी तक किसी ने पूरा नहीं किया।
एक अन्य मतदाता ने कहा कि सरकार को बढ़िया तो है लेकिन उनके अधिकारी-कर्मचारी ठीक नहीं है। अगर ऐसा रहा तो अब भाजपा को भी वोट नहीं देंगे। इसके अलावा अन्य लोगों ने भी अपनी बात रखी।