बिहार: नीट-यूजी पुनर्परीक्षा अनियमितता मामले में करीब 28 लोग पकड़े गए

Ads

बिहार: नीट-यूजी पुनर्परीक्षा अनियमितता मामले में करीब 28 लोग पकड़े गए

  •  
  • Publish Date - June 22, 2026 / 05:16 PM IST,
    Updated On - June 22, 2026 / 05:16 PM IST

पटना, 22 जून (भाषा) चिकित्सा के स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए रविवार को दोबारा आयोजित की गई राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा(नीट-यूजी) में कथित अनियमितताओं के मामले में बिहार से कम से कम 28 लोगों को गिरफ्तार अथवा हिरासत में लिया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

बिहार में रविवार को कड़ी सुरक्षा के बीच बड़ी संख्या में अभ्यर्थी नीट की पुनर्परीक्षा में शामिल हुए थे। तीन मई को आयोजित नीट प्रश्नपत्र लीक होने के व्यापक आरोपों के बाद 12 मई को रद्द कर दी गई थी।

अपर पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) सुधांशु कुमार ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘बायोमेट्रिक सत्यापन प्रणाली से जुड़े कुल 18 कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है। उन पर अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा देने वाले दूसरे व्यक्तियों और प्रश्नपत्र हल करने वाले गिरोह के सदस्यों के साथ मिलकर सत्यापन प्रक्रिया से छेड़छाड़ करने का आरोप है।’’

इससे एक दिन पहले लखीसराय की पुलिस अधीक्षक प्रेरणा कुमार ने पुष्टि की थी कि रविवार शाम नौ फर्जी परीक्षार्थियों को हिरासत में लिया गया, जो वास्तविक अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा दे रहे थे।

एडीजीपी ने बताया कि गया चिकित्सा महाविद्यालय का छात्र अंकित राज कथित रूप से ‘सॉल्वर’ (प्रश्नपत्र हल करने वाले) की भूमिका में था और उसे भी गिरफ्तार किया गया है।

उन्होंने कहा कि इस मामले में लखीसराय में दो प्राथमिकी दर्ज की गई हैं और पुलिस मामले की जांच कर रही है।

भाषा कैलाश

धीरज

धीरज