राहुल ने बीपीएससी परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे प्रदर्शकारियों से मुलाकात की, समर्थन दिया

राहुल ने बीपीएससी परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे प्रदर्शकारियों से मुलाकात की, समर्थन दिया

राहुल ने बीपीएससी परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे प्रदर्शकारियों से मुलाकात की, समर्थन दिया
Modified Date: January 18, 2025 / 08:52 pm IST
Published Date: January 18, 2025 8:52 pm IST

पटना, 18 जनवरी (भाषा) कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा में कथित अनियमितताओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे प्रदर्शनकारियों से शनिवार को मुलाकात की और उनके आंदोलन को समर्थन दिया।

राहुल ने प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों के साथ वक्त भी बिताया।

राहुल ने प्रदर्शनकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ एक होटल में मुलाकात भी की।

प्रतिनिधिमंडल ने राहुल से गर्दनीबाग का दौरा करने का आग्रह किया, जहां कई अभ्यर्थी परीक्षा को रद्द करने की मांग को लेकर चौबीसों घंटे विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।

प्रतिनिधिमंडल में शामिल सीतामढ़ी के छात्र सुमन सौरभ ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘‘हमने राहुल गांधी से गर्दनीबाग आने का आग्रह किया, जो हमारी ‘धर्मभूमि’ और ‘कर्मभूमि’ है।’’

उन्होंने कहा, “राहुल कुछ समय के लिए वहां जाएंगे। वह लोकसभा में विपक्ष के नेता हैं और उन्हें पूरा देश जानता है। उनका समर्थन हमारे लिए बहुत मायने रखता है।”

राहुल गर्दनीबाग पहुंचे और वहां धरना दे रहे प्रदर्शनाकारियों के बीच एक अस्थायी तंबू के नीचे बैठ गए।

प्रदर्शनकारियों ने कहा, ‘‘हम दोबारा परीक्षा चाहते हैं।’’

प्रदर्शन को समर्थन दे रहे लोकप्रिय शिक्षक ‘रामांशु सर’ ने राहुल गांधी को अपने मोबाइल फोन पर पिछले महीने प्रदर्शनकारियों पर हुए लाठीचार्ज और पानी की बौछारों का इस्तेमाल किये जाने के वीडियो दिखाया।

शिक्षक ने कहा, ‘‘लाठीचार्ज ने मुझे ब्रिटिश राज की याद दिला दी, जब आजादी की मांग करने वालों को तोप के गोले से बांधकर उड़ा दिया गया था। हमने राहुल गांधी को इन घटनाओं से अवगत कराया। उन्होंने हमें आश्वासन दिया है कि वह इस मामले को दिल्ली में संसद के भीतर उठाएंगे।’’

बता दें कि 13 दिसंबर को आयोजित 70वीं संयुक्त (प्रारंभिक) प्रतियोगी परीक्षा के प्रश्नपत्र कथित तौर पर लीक होने के आरोपों के बीच परीक्षा को रद्द करने की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का एक समूह प्रदर्शन कर रहा है।

भाषा अनवर जितेंद्र

जितेंद्र


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