नयी दिल्ली, 30 जनवरी (भाषा) लॉजिस्टिक क्षेत्र कौशल परिषद (एलएसएससी) के एक बजट सर्वेक्षण में देश में रोजगार बढ़ाने के लिए आगामी आम बजट में कृत्रिम मेधा (एआई) कौशल विकास के परिव्यय में 40 प्रतिशत वृद्धि की मांग की गई है।
एक बयान के मुताबिक, यह सिफारिश भारत के कार्यबल को भविष्य के लिए तैयार और विश्वस्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने के सरकार के मिशन को गति देगी। सर्वेक्षण में 10 शहरों और 160 कंपनियों को शामिल किया गया। इसमें रोजगार को बढ़ावा देने के लिए एआई-आधारित कौशल और प्रशिक्षण में निवेश को 40 प्रतिशत बढ़ाने का आह्वान किया गया है।
वर्टेक्स ग्रुप के संस्थापक और अध्यक्ष गगन अरोड़ा ने कहा कि जैसा कि आर्थिक समीक्षा में बताया गया है कि भारत की बेरोजगारी दर पांच प्रतिशत पर स्थिर है और श्रम बल की भागीदारी बढ़ रही है। ऐसे में प्रौद्योगिकी और उभरते क्षेत्रों में कौशल की कमी को दूर करना रोजगार सृजन में तेजी लाने के लिए आवश्यक है।
उन्होंने सुझाव दिया कि सरकार को एआई, डेटा विश्लेषण और उभरती प्रौद्योगिकियों में बड़े पैमाने पर कौशल कार्यक्रमों के लिए वर्तमान स्तर से कम से कम 40 प्रतिशत अधिक बजट आवंटन करना चाहिए।
भाषा पाण्डेय अजय
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