‘पात्र विनिर्माता आयातक’ योजना में नामांकन के लिए जरूरी दस्तावेजों में कटौती

'पात्र विनिर्माता आयातक' योजना में नामांकन के लिए जरूरी दस्तावेजों में कटौती

‘पात्र विनिर्माता आयातक’ योजना में नामांकन के लिए जरूरी दस्तावेजों में कटौती
Modified Date: September 4, 2026 / 05:22 pm IST
Published Date: September 4, 2026 5:22 pm IST

नयी दिल्ली, चार सितंबर (भाषा) केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा-शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने ‘पात्र विनिर्माता आयातक’ (ईएमआई) योजना के तहत नामांकन के लिए कारोबारियों द्वारा दिए जाने वाले आंकड़ों और दस्तावेजों की जरूरत में उल्लेखनीय कटौती की है।

सीबीआईसी ने एक परिपत्र में कहा कि इस योजना के तहत नामांकन के लिए दस्तावेजों की जरूरत संबंधी संशोधित प्रक्रिया 15 सितंबर से प्रभावी हो जाएगी।

ईएमआई योजना का उद्देश्य कारोबार सुगमता बढ़ाना, अनुपालन संस्कृति को मजबूत करना और घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देना है।

वित्त वर्ष 2026-27 के केंद्रीय बजट में विश्वसनीय विनिर्माताओं को सुविधा देने के लिए आयातकों की नई श्रेणी ‘पात्र विनिर्माता आयातक’ (ईएमआई) के लिए सीमा शुल्क के स्थगित भुगतान की सुविधा शुरू की गई थी।

इसके तहत पात्र आयातक आयातित माल को सीमा शुल्क का भुगतान किए बिना ही छुड़ा सकेंगे। माल पर लागू शुल्क का भुगतान 2016 के आयात शुल्क के स्थगित भुगतान नियमों के तहत निर्धारित व्यवस्था के अनुरूप मासिक आधार पर किया जा सकेगा। इससे विनिर्माताओं को नकदी प्रवाह और कार्यशील पूंजी के बेहतर प्रबंधन में मदद मिलेगी। यह सुविधा एक अप्रैल, 2026 से 31 मार्च, 2028 तक उपलब्ध है।

सीबीआईसी ने कहा कि उसे कारोबार जगत से ईएमआई योजना के तहत आवेदन दाखिल करने के लिए निर्धारित आंकड़ों और दस्तावेजों की जरूरत को तर्कसंगत बनाने का अनुरोध मिला था।

इसके बाद संशोधित आवेदन प्रारूप में आवेदक द्वारा अपलोड किए जाने वाले दस्तावेजों की संख्या 10 से घटाकर तीन कर दी गई है। साथ ही, आवेदन प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए जमा किए जाने वाले आंकड़ों की सूची भी छोटी की गई है।

सीबीआईसी ने कहा, ‘इन बदलावों के साथ संभावित ईएमआई आवेदक के लिए आंकड़ों और दस्तावेजों से जुड़ी जरूरतें काफी कम हो गई हैं। साथ ही, संबंधित सूचना का सत्यापन उपयुक्त सूचना प्रौद्योगिकी प्रणालियों के जरिये किया जा सकेगा।’

सीबीआईसी ने कहा कि पात्र आयातक संशोधित दस्तावेजी जरूरतों के साथ 15 सितंबर से योजना के तहत नामांकन के लिए आवेदन कर सकेंगे।

भाषा प्रेम प्रेम रमण

रमण


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