तिरुप्पुर (तमिलनाडु), आठ फरवरी (भाषा) भारत और अमेरिका के बीच हुए हालिया समझौते के बाद अगले तीन वर्षों में अमेरिका को कपड़ों का निर्यात दोगुना होकर 30,000 करोड़ रुपये तक पहुचने की उम्मीद है। तिरुप्पुर के कपड़ा उद्योग के निर्यातकों ने रविवार को यह बात कही।
तिरुप्पुर निर्यातक संघ के अध्यक्ष के एम सुब्रमणियन ने पीटीआई-भाषा से कहा कि चेन्नई से लगभग 450 किलोमीटर पश्चिम में स्थित तिरुप्पुर में भी इस अवधि के दौरान रोजगार सृजन में लगभग पांच लाख की वृद्धि होने की उम्मीद है।
भारत और अमेरिका ने शनिवार को घोषणा की कि उन्होंने द्विपक्षीय व्यापार समझौते के पहले चरण के ढांचे को अंतिम रूप दे दिया है, जिसके तहत दोनों पक्ष दोतरफा व्यापार को बढ़ावा देने के लिए कई वस्तुओं पर आयात शुल्क कम करेंगे।
इस समझौते पर टिप्पणी करते हुए सुब्रमणियन ने कहा, ‘हम इस कदम का स्वागत करते हैं। यह समझौता महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे तिरुप्पुर को अगले पांच वर्षों में जबरदस्त वृद्धि मिलेगी।’
उन्होंने बताया कि वर्तमान में तमिलनाडु से कपड़ों का निर्यात 15,000 करोड़ रुपये का है और इस समझौते के बाद इसके अगले तीन वर्षों में 30,000 करोड़ रुपये तक पहुंचने की उम्मीद है।
सुब्रमणियन ने कहा कि भारत-अमेरिका समझौते के कारण पांच लाख और नए रोजगार पैदा होंगे।
तिरुप्पुर के एक अन्य उद्यमी और स्टारलाइट एक्सपोर्टर्स के संस्थापक एम. रथिनसामी ने कहा कि इस सौदे से तमिलनाडु को अमेरिका से और अधिक ऑर्डर मिलेंगे।
तिरुप्पुर निर्यातक संघ के कार्यकारी समिति सदस्य रथिनासामी ने कहा, ‘पहले कुछ ऑर्डर बांग्लादेश और अन्य देशों को जाते थे। इस समझौते के बाद हमें (अमेरिका से) और अधिक ऑर्डर मिलेंगे।’
भाषा योगेश पाण्डेय
पाण्डेय