नवीकरणीय ऊर्जा में निवेश विकासशील देशों पर केंद्रित: आईएसए प्रमुख
नवीकरणीय ऊर्जा में निवेश विकासशील देशों पर केंद्रित: आईएसए प्रमुख
पणजी, 20 जुलाई (भाषा) अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (आईएसए) के महानिदेशक अजय माथुर ने बृहस्पतिवार को कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में बड़े पैमाने पर हो रहे निवेश का बड़ा हिस्सा विकासशील देशों में चला जाता है और बाकी दुनिया को शायद ही कोई राशि मिलती है।
जी20 देशों की ऊर्जा बदलाव कार्य-समूह की यहां आयोजित चौथी बैठक में हिस्सा लेने आए माथुर ने पीटीआई-भाषा से बातचीत में कहा कि शुद्ध रूप से शून्य कार्बन उत्सर्जन लक्ष्य को हासिल करना संभव है।
उन्होंने कहा, ‘नवीकरणीय ऊर्जा और खासकर सौर ऊर्जा में बड़े पैमाने पर निवेश आ रहा है। साल 2022 में नवीकरणीय क्षेत्र में लगभग 500 अरब डॉलर का निवेश आया था जिसमें से आधा हिस्सा सौर ऊर्जा का था।’
हालांकि उन्होंने इस निवेश का बड़ा हिस्सा चीन और कुछ उदीयमान विकासशील देशों के पास चले जाने का जिक्र करते हुए कहा, ‘बाकी दुनिया को शायद ही इस निवेश में कुछ हासिल हुआ। मसलन, अफ्रीकी देशों को इस निवेश का पांच प्रतिशत से भी कम हिस्सा मिला।’
आईएसए प्रमुख ने किसी देश का नाम न लेते हुए कहा कि एक ही देश में सौर ऊर्जा उत्पादन क्षमता का बहुत बड़ा केंद्रीकरण होना भी एक समस्या है। उन्होंने कहा, ‘हमें भौगोलिक विविधता के जरिये आपूर्ति श्रृंखला की बाधाओं को दूर करने के लिए काम करने की जरूरत है।’
माथुर ने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा दुनिया को शुद्ध शून्य उत्सर्जन लक्ष्य की ओर ले जा सकती है। उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि नवीकरणीय ऊर्जा लागत के हिसाब से सबसे किफायती बिजली समाधान है। अगले दो-तीन साल में बैटरी की कीमतें गिरने की उम्मीद है ताकि सौर बैटरी पसंदीदा बिजली स्रोत बन सके।’
भाषा प्रेम प्रेम रमण
रमण

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