मुंबई, 22 अप्रैल (भाषा) महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को 18 बड़ी और अति वृहद परियोजनाओं के लिए विशेष प्रोत्साहन को मंजूरी दी। इसमें कुल 2.56 लाख करोड़ रुपये का निवेश शामिल है। इनसे राज्य में एक लाख से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की उम्मीद है।
फडणवीस की अध्यक्षता में उद्योग, ऊर्जा, श्रम और खनन पर मंत्रिमंडल की उप-समिति की 14वीं बैठक के दौरान ये मंजूरियां दी गईं। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, बैठक में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उद्योग मंत्री उदय सामंत और वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
बयान में कहा गया कि इन परियोजनाओं से 2,56,137.01 करोड़ रुपये के निवेश की उम्मीद है और ये एक लाख प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा करेंगी। ये परियोजनाएं सौर सेल और मॉड्यूल, इंगोट्स और वेफर्स, हरित इस्पात, हरित अमोनिया, इलेक्ट्रॉनिक्स, अंतरिक्ष और रक्षा उपकरण, लिथियम आयन बैटरी, इलेक्ट्रिक वाहन और इस्पात जैसे उच्च-तकनीकी क्षेत्रों से जुड़ी हैं।
अशोक लेलैंड लिमिटेड भंडारा में 10,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, जबकि एसीएमई क्लीनटेक सॉल्यूशंस प्राइवेट लि. बुटीबोरी (नागपुर) में 11,400 करोड़ रुपये और रायगढ़/पालघर में हरित इस्पात परियोजना के लिए अतिरिक्त 11,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
सोलर डिफेंस एंड एयरोस्पेस लि. नागपुर में 12,780 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, जबकि ग्लोब फोर्ज लिमिटेड अहिल्यानगर और धाराशिव में 15,430 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। बालासोर एलॉयज रायगढ़ में 17,479 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
गोदावरी न्यू एनर्जी प्राइवेट लि. छत्रपति संभाजीनगर में 27,515 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, और एसीएमई क्लीनटेक रायगढ़/पालघर में 37,800 करोड़ रुपये की हरित अमोनिया परियोजना भी स्थापित करेगी।
गढ़चिरौली में रश्मि मेटालर्जिकल इंडस्ट्रीज प्राइवेट लि. 40,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। सबसे बड़ा निवेश एस्सार एक्सप्लोरेशन एंड प्रोडक्शन लिमिटेड की ओर से आएगा, जो रायगढ़ में 56,852 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
भाषा पाण्डेय रमण
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