नयी दिल्ली, तीन सितंबर (भाषा) प्रधानमंत्री के सलाहकार तरुण कपूर ने बृहस्पतिवार को वाहन उद्योग से इलेक्ट्रिक वाहनों को बड़े पैमाने पर बढ़ावा देने को कहा और संकेत दिया कि परंपरागत इंजन वाले चार पहिया वाहनों पर आगे और ‘अंकुश’ लगाए जाएंगे।
‘सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स’ (सियाम) के वार्षिक सम्मेलन-2026 को संबोधित करते हुए कपूर ने वाहन कंपनियों से कर व्यवस्था में होने वाले बड़े बदलावों के लिए भी तैयार रहने को कहा।
उन्होंने कहा कि सरकार इस मुद्दे पर काफी विचार-विमर्श कर रही है।
उन्होंने संकेत दिया कि देश में बैटरी का विनिर्माण बढ़ाने और आयात पर निर्भरता कम करने के लिए सरकार कर व्यवस्था में बदलाव कर सकती है।
कपूर ने कहा, ‘‘कर व्यवस्था के मोर्चे पर कुछ मुद्दों को सुलझाने की जरूरत है। लोग लगातार मुझसे बैटरी के आयात को लेकर मिल रहे हैं और पूछ रहे हैं कि भारत में विनिर्माण बढ़ने के मद्देनजर क्या इसके आयात पर कुछ पाबंदियां लगाई जा सकती हैं।’
उन्होंने कहा कि ऐसे उपायों पर चर्चा और विचार-विमर्श करने की जरूरत है, जिससे देश में बैटरी विनिर्माण उद्योग धीरे-धीरे मजबूत हो सके।
कपूर ने वाहन उद्योग से कहा, ‘‘चार पहिया वाहनों के मामले में मैं आपको बता सकता हूं कि आगे और अधिक पाबंदियां आएंगी। इसलिए तैयार रहिए और हमें इलेक्ट्रिक वाहन को बड़े पैमाने पर बढ़ावा देना होगा।’’
उन्होंने कहा कि वाहन उद्योग ने कुछ हद तक सीएनजी की ओर रुख किया है, लेकिन अब उसे बड़े पैमाने पर इलेक्ट्रिक वाहन की दिशा में बढ़ना होगा।
उन्होंने बताया कि अब भी कुछ विनिर्माण लागत अधिक हो सकती है, और हमें ऐसे तरीकों के बारे में सोचने की जरूरत है जिससे लागत कम हो सके ताकि अंतिम उत्पाद (वाहन) सस्ते हो सकें।
कपूर ने कहा, ‘‘हमें कुछ वित्तपोषण मॉडल या अन्य तरीके भी तलाशने होंगे, जैसे बैटरी बदलने की सुविधा या राजमार्गों के किनारे चार्जिंग सुविधाएं विकसित करना।’’
उन्होंने कहा कि सरकार कर व्यवस्था में संभावित बदलावों पर काफी विचार कर रही है और वाहन कंपनियों को इसके लिए तैयार रहना चाहिए।
कपूर ने कहा, ‘‘हमारी तरफ से कुछ बड़े बदलाव आने की उम्मीद रखिए और उद्योग को इसके लिए तैयार रहना होगा।’’
भाषा योगेश अजय
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