आयातित खाद्यतेलों की कम आपूर्ति की स्थिति से तेल-तिलहन कीमतों में सुधार

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आयातित खाद्यतेलों की कम आपूर्ति की स्थिति से तेल-तिलहन कीमतों में सुधार

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  • Publish Date - January 29, 2026 / 08:40 PM IST,
    Updated On - January 29, 2026 / 08:40 PM IST

नयी दिल्ली, 29 जनवरी (भाषा) देश में खाद्य तेलों की कम आपूर्ति की स्थिति के बीच विदेशों में खाद्यतेल कीमतों में आये सुधार के कारण स्थानीय तेल-तिलहन बाजार में बृहस्पतिवार को सभी तेल-तिलहन के दाम मजबूती दर्शाते बंद हुए तथा सरसों, मूंगफली एवं सोयाबीन तेल-तिलहन, कच्चा पामतेल (सीपीओ) एवं पामोलीन तथा बिनौला तेल के दाम में पर्याप्त मजबूती दिखी। शिकागो और मलेशिया एक्सचेंज में सुधार का रुख है।

बाजार सूत्रों ने कहा कि अक्टूबर-नवंबर 2025 में जिस तरह से देश के आयातकों ने लागत से कम दाम पर सोयाबीन डीगम तेल की बिक्री की, उसके परिणामस्वरूप जनवरी में खाद्यतेलों का आयात कम हुआ है। फरवरी में भी हल्के तेलों का आयात घटने की उम्मीद की जा रही है। घाटे के लंबे कारोबार के कारण आयातकों की आर्थिक हालत बिगड़ने से, बाद के दिनों में आयात घटता चला गया। इस बीच देश में त्योहारों और शादी विवाह के मौसम की मांग भी बढ़ी है और आपूर्ति प्रभावित है।

ऐसी स्थिति में सोयाबीन डीगम तेल के दाम मजबूत हुए हैं और इस तेजी के असर से बाकी तेल-तिलहनों के दाम भी मजबूत होते जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि हालत यह है कि सूरजमुखी को छोड़कर बाकी तेल-तिलहनों के दाम अपने-अपने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) के आसपास मंडराने लगे हैं जबकि कुछ दिनों पूर्व सूरजमुखी के साथ साथ सोयाबीन, मूंगफली और बिनौला के दाम एमएसपी से काफी नीचे थे।

सूत्रों ने कहा कि दो तीन साल पहले बंदरगाहों पर सूरजमुखी का दाम सोयाबीन डीगम तेल से लगभग 10 रुपये किलो नीचे हुआ करता था जबकि मौजूदा स्थिति में सूरजमुखी तेल का दाम सोयाबीन डीगम से लगभग 26-27 रुपये किलो ऊंचा हो गया है। इस वजह से सूरजमुखी का आयात भी प्रभावित हो रहा है और इस असर से खाद्यतेलों के दाम और मजबूत हुए हैं। खाद्यतेलों की कम आपूर्ति की स्थिति के कारण सोयाबीन सहित सरसों एवं मूंगफली तेल-तिलहन के अलावा बाकी खाद्यतेलों के दाम भी मजबूत हो गये।

उन्होंने कहा कि सट्टेबाजों ने आज बिनौला खल का भाव बुधवार के 3,420 रुपये क्विंटल से आज लगभग 1.5 प्रतिशत बढ़ाकर 3,474 रुपये क्विंटल कर दिया। पिछले साल जनवरी-फरवरी के दौरान बिनौला खल का भाव 2,700-2,750 रुपये क्विंटल था। बाजार की इस मनमानी को रोकने का एक स्थायी उपाय बिनौला खल के वायदा कारोबार को बंद करना हो सकता है।

तेल-तिलहनों के भाव इस प्रकार रहे:

सरसों तिलहन – 7,225-7,250 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली – 6,900-7,275 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) – 16,775 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली रिफाइंड तेल – 2,675-2,975 रुपये प्रति टिन।

सरसों तेल दादरी- 14,950 रुपये प्रति क्विंटल।

सरसों पक्की घानी- 2,495-2,595 रुपये प्रति टिन।

सरसों कच्ची घानी- 2,495-2,640 रुपये प्रति टिन।

सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 14,850 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 14,400 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 11,700 रुपये प्रति क्विंटल।

सीपीओ एक्स-कांडला- 12,150 रुपये प्रति क्विंटल।

बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 13,700 रुपये प्रति क्विंटल।

पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 14,100 रुपये प्रति क्विंटल।

पामोलिन एक्स- कांडला- 13,0 00 रुपये (बिना जीएसटी के) प्रति क्विंटल।

सोयाबीन दाना – 5,900-5,950 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन लूज- 5,500-5,550 रुपये प्रति क्विंटल।

भाषा राजेश राजेश पाण्डेय

पाण्डेय