नयी दिल्ली, 21 अप्रैल (भाषा) बेंगलुरु की रियल एस्टेट कंपनी सत्त्वा ग्रुप ने कर्नाटक के 320 किलोमीटर लंबे तटीय क्षेत्र में प्लास्टिक कचरे की समस्या से निपटने के लिए नॉलेज रियल्टी ट्रस्ट और रीपर्पस ग्लोबल के साथ साझेदारी की है।
नॉलेज रियल्टी ट्रस्ट (केआरटी) एक रियल एस्टेट निवेश ट्रस्ट है, जिसे सत्त्वा ग्रुप और वैश्विक निवेश कंपनी ब्लैकस्टोन मिलकर संचालित करते हैं।
कंपनी ने मंगलवार को बयान में कहा कि सत्त्वा ग्रुप ने नॉलेज रियल्टी ट्रस्ट और रीपर्पस ग्लोबल के साथ मिलकर ‘कर्नाटक जीरो वेस्ट इनिशिएटिव’ नामक पहल शुरू की है। इसका मकसद तटीय इलाकों में स्थानीय लोगों की मदद से कचरा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत करना है।
बयान के अनुसार यह योजना तीन साल तक चलेगी। इसमें कर्नाटक के तटीय क्षेत्रों में बढ़ते प्लास्टिक कचरे की समस्या को कम करने पर ध्यान दिया जाएगा।
रिपोर्ट के मुताबिक, तटीय कचरे में करीब 60 प्रतिशत हिस्सा प्लास्टिक का होता है।
इस कार्यक्रम के तहत 50 तटीय गांवों को औपचारिक कचरा प्रबंधन प्रणाली से जोड़ा जाएगा और 200 कचरा कर्मियों को सहायता दी जाएगी।
सत्त्वा ग्रुप के उपाध्यक्ष (रणनीति) शिवम अग्रवाल ने कहा कि तटीय क्षेत्र पर्यावरण और अर्थव्यवस्था दोनों के लिए बहुत अहम है और यहां सुधार से स्थानीय लोगों की आजीविका पर सीधा असर पड़ेगा।
भाषा रमण